Balochistan Airstrike: बलूचिस्तान में हवाई हमले के खिलाफ मानवाधिकार संगठन का बड़ा कदम, स्वतंत्र जांच की उठी मांग

बलोच नेशनल मूवमेंट के मानवाधिकार विभाग Paank ने बलूचिस्तान के सोरब इलाके में हुई हालिया सैन्य बमबारी की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की औपचारिक मांग की है। संगठन की रिपोर्ट के अनुसार, 12 अगस्त 2026 को हुए इन हवाई हमलों में कम से कम छह लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि नौ अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों में पुरुष, महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं, जिन्हें इस सैन्य कार्रवाई के दौरान गंभीर चोटें आईं। इस घटना के बाद स्थानीय नागरिकों और विरोध प्रदर्शन करने वाले समूहों ने सेना के आधिकारिक बयानों को सिरे से खारिज कर दिया है और रिहायशी इलाकों को निशाना बनाए जाने को अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून और जिनेवा संधियों का खुला उल्लंघन बताया है। इस संबंध में अधिक जानकारी ANI News पर देखी जा सकती है।
मानवाधिकार संगठनों की कड़ी निंदा और हस्तक्षेप की अपील
आम नागरिकों पर हवाई ताकत के इस्तेमाल को लेकर Baloch Voice for Justice और Baloch Yakjehti Committee सहित कई प्रमुख संगठनों ने कड़ी नाराजगी जताई है। इन संगठनों का कहना है कि यह घटना क्षेत्र में जारी हिंसा के एक बड़े और खतरनाक चक्र का हिस्सा है, जिससे आम लोगों का जीवन पूरी तरह से असुरक्षित हो गया है। संगठन Paank ने संयुक्त राष्ट्र और अन्य अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार निकायों से अपील की है कि वे इस मामले में तुरंत हस्तक्षेप करें। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से आग्रह किया है कि वे पाकिस्तान सरकार को नागरिकों की जान जाने के मामले में जवाबदेह ठहराएं और पीड़ितों को तत्काल चिकित्सा तथा मानवीय सहायता सुनिश्चित करें। इस पूरे घटनाक्रम की विस्तृत रिपोर्ट ANI News Pakistan Topic पर उपलब्ध है, जहाँ स्थानीय स्तर पर हो रहे विरोध प्रदर्शनों और मानवाधिकार कार्यकर्ताओं की मांगों को प्रमुखता से उठाया गया है।