बांग्लादेश सरकार ने देश के लिए एक बहुत बड़ा कदम उठाया है। प्रधानमंत्री Tarique Rahman की अध्यक्षता में Padma Barrage मेगा प्रोजेक्ट को मंजूरी दे दी गई है। यह प्रोजेक्ट बांग्लादेश के दक्षिण-पश्चिमी हिस्सों में पानी की किल्लत को दूर करने के लिए बनाया जा रहा है। इस बड़े प्रोजेक्ट के लिए पूरा पैसा बांग्लादेश सरकार खुद लगाएगी।

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Padma Barrage प्रोजेक्ट क्या है और क्यों बन रहा है?

यह एक विशाल जल प्रबंधन प्रोजेक्ट है जिसे Rajbari जिले के Pangsha पॉइंट पर Padma नदी पर बनाया जाएगा। इस बैराज की लंबाई 2.1 किलोमीटर होगी। इसका मुख्य मकसद मानसून के समय पानी जमा करना और सूखे के समय उसे इस्तेमाल करना है। यह प्रोजेक्ट भारत के Farakka Barrage की वजह से होने वाली पानी की कमी को पूरा करने के लिए एक रणनीतिक कदम है। इससे नदी प्रणालियों को फिर से जीवित करने और पानी के खारेपन को कम करने में मदद मिलेगी।

प्रोजेक्ट की लागत और मुख्य तकनीकी जानकारी

इस प्रोजेक्ट को ECNEC द्वारा मंजूरी दी गई है और इसका क्रियान्वयन Bangladesh Water Development Board (BWDB) करेगा। इसमें 78 स्पिलवे, 18 अंडरस्लूस और दो फिश पास बनाए जाएंगे। साथ ही, बिजली उत्पादन के लिए 113 मेगावाट का एक हाइड्रोपावर प्लांट भी लगाया जाएगा। यह प्रोजेक्ट जुलाई 2026 से शुरू होगा और इसका पहला चरण जून 2033 तक पूरा होने की उम्मीद है।

विवरण जानकारी
कुल अनुमानित लागत Tk 50,443.64 करोड़
पहले चरण की लागत Tk 34,497 करोड़
सालाना आर्थिक लाभ Tk 8,000 करोड़
GDP में योगदान 0.45%
पानी स्टोर करने की क्षमता 2.9 बिलियन क्यूबिक मीटर
हाइड्रोपावर प्लांट क्षमता 113 मेगावाट
लागू होने की अवधि जुलाई 2026 से जून 2033

आम लोगों और किसानों को इससे क्या फायदा होगा?

इस प्रोजेक्ट से बांग्लादेश के 4 डिवीज़न के 19 जिलों को सीधा लाभ मिलेगा। यह प्रोजेक्ट देश के लगभग 37% भौगोलिक क्षेत्र को कवर करेगा। इससे खेती और मछली उत्पादन में बढ़ोतरी होगी जिससे किसानों की आमदनी बढ़ेगी। सरकार का मानना है कि इस बैराज के बनने से सूखे के मौसम में पानी का सही वितरण हो सकेगा और जैव विविधता में भी सुधार आएगा।

Frequently Asked Questions (FAQs)

Padma Barrage प्रोजेक्ट कब तक पूरा होगा?

इस प्रोजेक्ट का काम जुलाई 2026 से शुरू होगा और पहले चरण के काम को जून 2033 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।

इस प्रोजेक्ट के लिए फंड कहाँ से आएगा?

प्रधानमंत्री Tarique Rahman ने स्पष्ट किया है कि इस मेगा प्रोजेक्ट का पूरा खर्च बांग्लादेश सरकार अपने फंड से वहन करेगी।