उत्तर प्रदेश के बरेली जिले से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। यहाँ किला छावनी इलाके में एक महीने की मासूम बच्ची की भूख और बीमारी के कारण मौत हो गई। बताया जा रहा है कि बच्ची के माता-पिता बेरोजगार थे और शुक्रवार को अपने तीनों बच्चों को घर पर अकेला छोड़कर भीख मांगने गए थे। जब वे शाम को लौटे तो बच्ची की सांसें थम चुकी थीं। पुलिस इस मामले की जांच में जुटी है।

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पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में क्या मिला?

किला थाना प्रभारी Subash Kumar ने बताया कि पुलिस को इस घटना की जानकारी देर रात करीब 10 बजे मिली। बच्ची का पोस्टमार्टम कराया गया है, जिसमें मौत का कारण ‘बीमारी और संक्रमण’ बताया गया है। हालांकि, स्थानीय लोगों और पड़ोसियों का आरोप है कि बच्ची की मौत भूख की वजह से हुई है। शुरुआती जांच में यह भी सामने आया है कि बच्ची काफी कुपोषित थी और उसका जन्म समय से पहले हुआ था, जिससे वह शारीरिक रूप से बहुत कमजोर थी।

परिवार की हालत और घटना से जुड़ी अहम जानकारी

इस दुखद घटना ने इलाके में गरीबी के भयावह मंजर को उजागर किया है। परिवार की स्थिति के बारे में कुछ मुख्य बातें इस प्रकार हैं:

  • पिता की नौकरी: बच्ची के पिता Mohd Shadab पहले पतंग की डोर के कारोबार में काम करते थे, लेकिन COVID-19 के समय उनकी नौकरी छूट गई।
  • आजीविका का साधन: घर चलाने के लिए पिता Shadab और मां Hina को भीख मांगने पर मजबूर होना पड़ा।
  • अकेले थे बच्चे: शुक्रवार सुबह 11 बजे माता-पिता अपने 4 साल और डेढ़ साल के बच्चों के साथ इस छोटी बच्ची को घर छोड़कर गए थे और शाम 6 बजे वापस आए।
  • पिछला इतिहास: पड़ोसियों का दावा है कि इस परिवार ने पहले भी अपना एक 6 महीने का बच्चा खो दिया था।
  • घर की स्थिति: गरीबी के कारण परिवार किराए के घर का पैसा नहीं दे पा रहा था और उन्होंने वह मकान भी खाली कर दिया है।

फिलहाल पुलिस प्रशासन इस मामले के हर पहलू की जांच कर रहा है ताकि मौत की असली वजह और परिवार की मदद की संभावनाओं को देखा जा सके।