Middle East में बढ़ते तनाव के बीच भारत सरकार ने अपने समुद्री व्यापार और जहाजों को सुरक्षित करने के लिए एक बहुत बड़ा कदम उठाया है। वित्त मंत्रालय के वित्तीय सेवा विभाग (DFS) ने ‘भारत मैरीटाइम इंश्योरेंस पूल’ (BMIP) को औपचारिक रूप से लॉन्च कर दिया है। इस पहल का मुख्य मकसद भारतीय जहाजों को सस्ता और स्थिर बीमा देना है ताकि उन्हें अंतरराष्ट्रीय तनाव के समय मुश्किलों का सामना न करना पड़े।

भारत मैरीटाइम इंश्योरेंस पूल क्या है और यह कैसे काम करेगा?

यह एक घरेलू बीमा पूल है जिसे भारत के समुद्री व्यापार को मजबूत करने के लिए बनाया गया है। यह पूल भारतीय झंडे वाले जहाजों, तटीय जहाजों और भारत से आने या जाने वाले सभी जहाजों को कवर करेगा। इसमें Hull and Machinery, Cargo, P&I और War risk जैसे सभी बड़े जोखिम शामिल हैं। GIC Re इस पूरे ऑपरेशन को मैनेज करने के लिए एडमिनिस्ट्रेटर की भूमिका निभाएगा। DFS सचिव M. Nagaraju ने बताया कि इससे उन जहाजों को मदद मिलेगी जो तनाव वाले समुद्री रास्तों से गुजरते हैं।

बीमा पूल की मुख्य जानकारी और वित्तीय आंकड़े

इस योजना को Union Cabinet ने 18 अप्रैल 2026 को मंजूरी दी थी और 12 मई 2026 को इसे लागू किया गया। इस पूल की पूरी जानकारी नीचे दी गई टेबल में देखी जा सकती है:

विवरण जानकारी/आंकड़े
कुल अंडरराइटिंग क्षमता 1.5 बिलियन USD
सरकारी गारंटी (Sovereign Guarantee) 1.4 बिलियन USD (करीब 12,980 करोड़ रुपये)
पूल के अपने संसाधनों से क्लेम सीमा 100 मिलियन USD तक
अनुमानित अंडरराइटिंग क्षमता करीब 950 करोड़ रुपये
संचालन की अवधि शुरुआत में 10 साल (5 साल extension संभव)
लॉन्च की तारीख़ 12 मई 2026

किन कंपनियों को मिला पहला फायदा और क्यों है यह जरूरी?

इस पूल की शुरुआत के साथ ही पहली कुछ पॉलिसियां जारी कर दी गई हैं। New India Assurance Company Limited ने Hoger Offshore and Marine Private Limited को वार पॉलिसी दी है। इसके अलावा Vedanta Sterlite Copper Ltd. और Balrampur Chini Mills Limited को भी कार्गो वार पॉलिसियां सौंपी गई हैं।

यह कदम इसलिए जरूरी हो गया क्योंकि Middle East में geopolitical तनाव की वजह से समुद्री बीमा प्रीमियम में 100 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी देखी गई थी। भारत लंबे समय से विदेशी बीमा कंपनियों पर निर्भर था, लेकिन अब इस नए सिस्टम से देश की वित्तीय संप्रभुता बढ़ेगी और व्यापार सुरक्षित रहेगा।

Frequently Asked Questions (FAQs)

भारत मैरीटाइम इंश्योरेंस पूल (BMIP) किन जोखिमों को कवर करता है?

यह पूल जहाजों के ढांचे (Hull), मशीनरी, कार्गो, P&I और युद्ध जोखिम (War risk) जैसे सभी प्रमुख समुद्री जोखिमों को कवर करता है।

बीमा पूल का प्रबंधन कौन करेगा और इसकी अवधि क्या है?

General Insurance Corporation of India (GIC Re) इस पूल का एडमिनिस्ट्रेटर होगा। यह शुरुआत में 10 साल के लिए काम करेगा, जिसे बाद में 5 साल और बढ़ाया जा सकता है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com