अमेरिका की इंटेलिजेंस रिपोर्ट में दावा किया गया है कि चीन जल्द ही ईरान को हथियारों की एक बड़ी खेप भेजने की तैयारी में है। यह खबर CNN के जरिए सामने आई है। इसी बीच चीन ने इन तमाम आरोपों को पूरी तरह गलत बताया है। अंतरराष्ट्रीय राजनीति में इस खबर के बाद हलचल तेज हो गई है।

अमेरिका ने क्या दावा किया है और कौन से हथियार भेजे जा रहे हैं?

अमेरिकी खुफिया रिपोर्ट के मुताबिक चीन अगले कुछ हफ्तों में ईरान को हथियारों की सप्लाई कर सकता है। बताया जा रहा है कि इस खेप में MANPADS यानी कंधे पर रखकर चलाने वाले एंटी-एयरक्राफ्ट मिसाइल सिस्टम शामिल हो सकते हैं। अमेरिका का मानना है कि चीन इन हथियारों को सीधे भेजने के बजाय तीसरे देशों के रास्ते ईरान पहुंचाएगा ताकि उसकी असल पहचान छिपी रहे।

चीन की प्रतिक्रिया और मौजूदा हालात क्या हैं?

वाशिंगटन में चीन के दूतावास ने इन दावों को सिरे से खारिज कर दिया है। चीनी प्रवक्ता ने साफ कहा कि चीन ने किसी भी विवादित पक्ष को हथियार नहीं दिए हैं और यह खबर पूरी तरह गलत है। चीन ने अमेरिका को सलाह दी है कि वह बिना सबूत के आरोप लगाना बंद करे। दिलचस्प बात यह है कि इसी हफ्ते चीन ने ईरान और अमेरिका के बीच एक नाजुक युद्धविराम कराने में भी मदद की थी।

आने वाले समय में क्या बड़े बदलाव होंगे?

11 अप्रैल 2026 को पाकिस्तान के इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के बीच बड़ी बैठक होनी है ताकि छह हफ्ते से चल रहे युद्ध को खत्म किया जा सके। वहीं अगले महीने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप चीन का दौरा करेंगे और राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात करेंगे। इससे पहले मार्च 2026 में खबरें आई थीं कि ईरान और चीन के बीच 5 अरब डॉलर का गुप्त समझौता हुआ था, जिसमें तेल के बदले हथियार देने की बात थी।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.