दुनिया में हवाई सफर को और भी तेज बनाने की तैयारी फिर से शुरू हो गई है। सालों पहले Concorde विमान अपनी सुपरसोनिक रफ्तार के लिए मशहूर था, जो आवाज की गति से भी दोगुनी तेज उड़ता था। यह विमान लंदन से न्यूयॉर्क की 7 घंटे की यात्रा को केवल साढ़े तीन घंटे में पूरा कर लेता था। हालांकि 2003 में इसका संचालन बंद कर दिया गया था, लेकिन अब नई कंपनियां इसे और भी बेहतर तकनीक के साथ वापस लाने की कोशिश कर रही हैं।

Concorde विमान के इतिहास और रिटायरमेंट की मुख्य बातें

  • संचालन: Concorde ने 21 जनवरी 1976 को दुनिया की पहली सुपरसोनिक यात्री सेवा शुरू की थी।
  • रिटायरमेंट: ब्रिटिश एयरवेज और एयर फ्रांस ने अक्टूबर 2003 में इसका परिचालन पूरी तरह बंद कर दिया था।
  • कारण: कंपनियों के अनुसार घटती कमाई और बढ़ता मेंटेनेंस खर्च इसका मुख्य कारण था।
  • हादसा: 25 जुलाई 2000 को एयर फ्रांस की एक फ्लाइट क्रैश हुई थी, जिसमें 109 यात्रियों की जान गई थी।
  • पाबंदी: जमीन के ऊपर उड़ते समय तेज आवाज (Sonic Boom) की वजह से भारत और अमेरिका जैसे देशों ने इस पर पाबंदी लगाई थी।

भविष्य के सुपरसोनिक विमान और कंपनियों की योजनाएं

अब कई आधुनिक कंपनियां Concorde की तरह ही तेज रफ्तार विमानों पर काम कर रही हैं। अमेरिकी कांग्रेस ने जून 2025 में जमीन के ऊपर सुपरसोनिक उड़ानों पर लगी पाबंदी को हटाने के लिए कानून पास किया है। इससे नई कंपनियों के लिए रास्ते खुल गए हैं।

कंपनी का नाम विमान का नाम लक्ष्य और वर्तमान स्थिति
Boom Supersonic Overture 2029 तक पैसेंजर उड़ान शुरू करने की योजना है।
NASA X-59 सोनिक बूम की आवाज को कम करने वाली तकनीक का टेस्ट जारी है।
Dawn Aerospace Aurora यह विमान Mach 3.5 की रफ्तार हासिल करने की कोशिश में है।
Spike Aerospace Spike Diplomat कम शोर और बेहतर ईंधन क्षमता वाले जेट पर काम हो रहा है।
FlyConcorde Ltd 2026 तक सुपरसोनिक उड़ानें शुरू करने का लक्ष्य रखा है।

NASA अपने X-59 विमान के जरिए आवाज के धमाके को कम करने की कोशिश कर रहा है ताकि भविष्य में आबादी वाले इलाकों के ऊपर से भी ये विमान उड़ सकें। इसके टेस्ट 2025 में होने वाले हैं। वहीं Boom Supersonic कंपनी का प्रोटोटाइप विमान जनवरी 2025 में सुपरसोनिक गति हासिल करने में सफल रहा है।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.