दिल्ली सरकार ने हवाई जहाजों में इस्तेमाल होने वाले ईंधन यानी Aviation Turbine Fuel (ATF) पर वैट (VAT) की दरों में बड़ी कटौती की है। यह फैसला विमानन क्षेत्र को राहत देने और दिल्ली की कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए लिया गया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि इस कदम से एयरलाइंस का खर्च कम होगा जिससे पर्यटन और व्यापार को बढ़ावा मिलेगा।
दिल्ली में ATF टैक्स के नए नियम क्या हैं?
दिल्ली के उपराज्यपाल ने जनहित में दिल्ली वैल्यू एडेड टैक्स एक्ट, 2004 के चौथे शेड्यूल में बदलाव का आदेश दिया है। इसके तहत Aviation Turbine Fuel (ATF) पर लगने वाले टैक्स की दर को घटाकर 7 पैसा प्रति रुपया (यानी 7%) कर दिया गया है। यह नई दर 16 मई 2026 से लागू हुई है और अगले छह महीनों तक प्रभावी रहेगी। इससे पहले महाराष्ट्र सरकार ने भी 15 मई 2026 को इसी तरह टैक्स घटाकर 7% किया था।
इस फैसले का एयरलाइंस और आम जनता पर क्या असर होगा?
किसी भी एयरलाइन के कुल परिचालन खर्च का लगभग 30 से 40 प्रतिशत हिस्सा केवल ईंधन पर खर्च होता है। वैश्विक समस्याओं और बढ़ते खर्चों की वजह से एयरलाइंस पर काफी दबाव था। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि टैक्स कम होने से कंपनियों का खर्च घटेगा और दिल्ली एक बड़े एविएशन सेंटर के रूप में और मजबूत होगा। हालांकि, इस फैसले से दिल्ली सरकार को करीब 985 करोड़ रुपये के राजस्व का नुकसान होने का अनुमान है।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| नया टैक्स रेट | 7 पैसा प्रति रुपया (7%) |
| लागू होने की तारीख | 16 मई 2026 |
| छूट की अवधि | 6 महीने |
| अनुमानित राजस्व हानि | ₹985 करोड़ |
| संबंधित कानून | दिल्ली वैट एक्ट, 2004 |
| ईंधन खर्च का हिस्सा | कुल खर्च का 30-40% |
| अन्य राज्य का उदाहरण | महाराष्ट्र (15 मई 2026 से लागू) |
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या हवाई ईंधन (ATF) पर जीएसटी लगता है?
नहीं, ATF अभी जीएसटी (GST) के दायरे से बाहर है, इसी कारण राज्य सरकारें इस पर वैट (VAT) लगा सकती हैं।
यह टैक्स कटौती कितने समय के लिए लागू है?
यह कटौती आधिकारिक गजट में प्रकाशन की तारीख से छह महीने की अवधि के लिए लागू की गई है।
