दिल्ली पुलिस ने सोनिया और राहुल गांधी पर दर्ज शिकायत की जांच की शुरू, वंदे मातरम विवाद पर फंसा मामला

दिल्ली पुलिस ने कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेताओं सोनिया गांधी और राहुल गांधी के खिलाफ एक औपचारिक जांच शुरू कर दी है। यह पूरा मामला स्वतंत्रता दिवस के मौके पर एआईसीसी मुख्यालय में राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम के गायन के दौरान कथित तौर पर बाधा डालने से जुड़ा हुआ है। इस मामले को लेकर आईपी स्टेट पुलिस स्टेशन में एक शिकायत दर्ज कराई गई थी, जिसके बाद अब पुलिस ने अपनी कार्रवाई आगे बढ़ाई है।
वंदे मातरम गायन के दौरान रुकावट का आरोप
वकीलों शुभ शर्मा और कुणाल विनायक ने यह शिकायत दर्ज कराई है। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि कार्यक्रम के दौरान सोनिया गांधी ने गीत को आगे जारी रखने पर अपनी आपत्ति जताई थी। इसके साथ ही, यह भी दावा किया गया है कि राहुल गांधी को यह कहते हुए सुना गया था कि वे लोग राष्ट्रीय गीत नहीं गा रहे हैं। इस संबंध में अधिक जानकारी के लिए ANI News की रिपोर्ट देखी जा सकती है, जिसमें पूरी घटना का जिक्र किया गया है। शिकायतकर्ताओं ने अपने दावों को सही साबित करने के लिए पुलिस को वीडियो फुटेज और मीडिया रिपोर्ट्स भी सौंपी हैं ताकि मामले में कानूनी कार्रवाई की जा सके।
नए कानून के तहत की जा रही है कानूनी कार्रवाई की मांग
शिकायकर्ताओं ने हाल ही में लागू किए गए प्रिवेंशन ऑफ इन्सुलट्स टू नेशनल ऑनर (अAmendment) बिल, 2026 के तहत कानूनी कार्रवाई की मांग की है। इस नए कानून में राष्ट्रीय गीत के प्रदर्शन में बाधा डालने वालों के लिए सजा और जुर्माने का प्रावधान तय किया गया है। हालांकि इस मामले में अभी जांच शुरुआती दौर में ही है और पुलिस सभी पहलुओं की बारीकी से पड़ताल कर रही है।
कांग्रेस पार्टी ने सभी आरोपों को बताया बेबुनियाद
दूसरी तरफ, कांग्रेस पार्टी ने इन तमाम आरोपों को पूरी तरह से खारिज कर दिया है। पार्टी के महासचिव जयराम रमेश ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया कि सोनिया गांधी के हाव-भाव केवल कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को बैठने की व्यवस्था में मदद करने के उद्देश्य से थे। इस पूरे राजनीतिक घटनाक्रम और विरोध प्रदर्शनों की विस्तृत जानकारी एएनआई की इस रिपोर्ट में दी गई है, जिसमें बताया गया है कि किस तरह से भाजपा ने इस पर विरोध प्रदर्शन किए और पुलिस में शिकायतें दर्ज कराईं जबकि कांग्रेस ने इसे केवल व्यवस्था देखना बताया।