दोहा में अमेरिका और ईरान के बीच एक महत्वपूर्ण डिप्लोमैटिक बातचीत हुई, जो बुधवार, 1 जुलाई 2026 को खत्म हुई। इस मीटिंग में कतर और पाकिस्तान ने मध्यस्थ यानी बीच-बचाव की अहम भूमिका निभाई। मुख्य चर्चा अमेरिका द्वारा समझौता ज्ञापन (MoU) के नियमों को तोड़ने और ईरान की जमी हुई संपत्ति को वापस करने के मुद्दे पर रही।

बैठक में कौन लोग शामिल थे

अमेरिकी टीम का नेतृत्व एक टेक्निकल डेलीगेशन ने किया, जिसमें दूत Steve Witkoff और Jared Kushner ने कतरी मध्यस्थों के साथ मीटिंग की। राष्ट्रपति Donald Trump ने इन बातचीत को बहुत अच्छा बताया। वहीं, ईरान की तरफ से कानूनी और अंतर्राष्ट्रीय मामलों के डिप्टी विदेश मंत्री Kazem Gharibabadi टीम का नेतृत्व कर रहे थे। इसमें विदेश मंत्रालय, सेंट्रल बैंक और कृषि मंत्रालय के अधिकारी भी शामिल थे।

MoU के नियमों पर विवाद

दोहा में हुई इस चर्चा में अमेरिका पर MoU के नियमों के उल्लंघन का आरोप लगाया गया। ईरान ने खास तौर पर लेबनान के संघर्ष से जुड़े पहले पैराग्राफ का जिक्र किया। ईरान के डिप्टी विदेश मंत्री Kazem Gharibabadi ने साफ कहा कि MoU की सभी शर्तें एक साथ जुड़ी हुई हैं और इन्हें अलग-अलग करके नहीं देखा जा सकता।

ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmaeil Baqaei ने चेतावनी दी कि अगर अमेरिका ने MoU का उल्लंघन किया, तो इसका तुरंत और निर्णायक जवाब दिया जाएगा। उन्होंने इसे समझौते के आर्टिकल 1 का उल्लंघन बताया। किसी भी शिकायत को आधिकारिक तौर पर दर्ज करने और सुलझाने के लिए गुरुवार, 2 जुलाई 2026 तक एक सीधा कम्युनिकेशन चैनल बनाया जाएगा।

जमी हुई संपत्ति का मामला

ईरान की जमी हुई संपत्ति को छोड़ना इस मीटिंग का सबसे बड़ा मुद्दा था। ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने 29 जून को कहा था कि एक शुरुआती समझौते के तहत कतर में जमी 6 बिलियन डॉलर की संपत्ति जारी की जाएगी। डिप्टी विदेश मंत्री Gharibabadi ने बताया कि दोनों पक्ष इस रकम के एक हिस्से को छोड़ने पर सहमत हुए हैं, ताकि तेहरान जरूरी सामान खरीद सके।

कुछ मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 6 बिलियन डॉलर में से पहले हिस्से के तौर पर 3 बिलियन डॉलर छोड़ने का शुरुआती समझौता हुआ है। यह पैसा पहले दक्षिण कोरियाई बैंकों में था और बाद में कतर ट्रांसफर किया गया था। हालांकि, अमेरिकी अधिकारियों ने इस बात से इनकार किया है कि फंड जारी करने पर कोई समझौता हुआ है।

विवरण जानकारी
कुल जमी हुई संपत्ति $6 बिलियन
प्रारंभिक रिलीज की खबर $3 बिलियन
फंड का मूल स्रोत दक्षिण कोरियाई बैंक
मौजूदा स्थान कतर
दोबारा फ्रीज होने का समय 7 अक्टूबर 2023 के बाद
वर्तमान स्थिति कतर ने कहा अभी कोई पैसा ट्रांसफर नहीं हुआ

कतर के विदेश मंत्रालय ने 1 जुलाई को पुष्टि की कि अभी तक कोई भी फंड तेहरान नहीं भेजा गया है। मंत्रालय ने साफ किया कि भविष्य में पैसा छोड़ना इस बात पर निर्भर करेगा कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत में कितनी प्रगति होती है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.