अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump चीन के राष्ट्रपति Xi Jinping से मिलने बीजिंग जा रहे हैं। इस सफर के दौरान उन्होंने ईरान के साथ युद्धविराम (ceasefire) को लेकर अपनी बात रखी। ट्रंप ने ईरान के ताजा शांति प्रस्ताव को पूरी तरह खारिज कर दिया और इसे बेहद कमजोर बताया।

ईरान के शांति प्रस्ताव पर ट्रंप ने क्या कहा?

ट्रंप ने ईरान के शांति प्रस्ताव को ‘कचरा’ और ‘बेहद कमजोर’ बताया। ईरान चाहता था कि अमेरिका अपनी नौसैनिक नाकाबंदी हटा ले और होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को फिर से खोल दे, जिसके बदले में वह लंबे समय तक युद्धविराम के लिए तैयार था। ट्रंप का कहना है कि परमाणु हथियारों का मुद्दा सबसे पहले सुलझाना होगा। उन्होंने साफ किया कि ईरान को परमाणु हथियार हासिल नहीं करने देना उनकी सबसे बड़ी ‘रेड लाइन’ है।

चीन दौरे का एजेंडा और नए प्रतिबंध

ट्रंप 14 और 15 मई को राष्ट्रपति Xi Jinping से मुलाकात करेंगे। इस बैठक में व्यापार, ताइवान और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) जैसे बड़े मुद्दों पर चर्चा होगी। इसी बीच अमेरिका ने उन चीनी कंपनियों पर नए प्रतिबंध लगाए हैं जो ईरान के तेल शिपमेंट में मदद कर रही थीं। अमेरिकी रक्षा विभाग (Pentagon) के मुताबिक, ईरान के साथ युद्ध का खर्च अब करीब 29 अरब डॉलर तक पहुंच गया है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ट्रंप की ईरान के लिए मुख्य शर्त क्या है

ट्रंप की सबसे बड़ी शर्त यह है कि ईरान किसी भी हाल में परमाणु हथियार नहीं बना सकता। उन्होंने इसे अपनी सबसे महत्वपूर्ण ‘रेड लाइन’ बताया है।

चीन यात्रा के दौरान किन मुद्दों पर बात होगी

राष्ट्रपति ट्रंप और शी जिनपिंग के बीच व्यापार, ताइवान, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ईरान के मुद्दे पर चर्चा होने की उम्मीद है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com