अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दुनिया को एक बड़ी खबर दी है। उन्होंने ऐलान किया कि अमेरिका ने Strait of Hormuz (हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य) को खोलने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। ट्रंप का कहना है कि यह कदम पूरी दुनिया के देशों, जिनमें चीन, जापान, दक्षिण कोरिया, फ्रांस और जर्मनी शामिल हैं, की मदद के लिए उठाया गया है।

📰: Pakistan Talks: अमेरिका और ईरान की बातचीत अब एक्सपर्ट लेवल पर, पाकिस्तान बना मध्यस्थ, युद्ध रोकने की कोशिश तेज़

डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर क्या दावे किए?

डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी सेना ने ईरान की माइन बिछाने वाली नावों को समुद्र की गहराई में भेज दिया है। उन्होंने साफ तौर पर चेतावनी दी कि ईरान इस जलमार्ग से गुजरने वाले जहाजों पर कोई टोल टैक्स नहीं लगाएगा क्योंकि यह अंतरराष्ट्रीय जल क्षेत्र है। ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान के सहयोग के साथ या उसके बिना, अमेरिका बहुत जल्द इस रास्ते को पूरी तरह खोल देगा।

इससे पहले ट्रंप ने Truth Social पर पोस्ट किया था कि ईरान अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों का इस्तेमाल सिर्फ बातचीत के लिए दबाव बनाने के लिए कर रहा है। उन्होंने ईरान की आलोचना करते हुए कहा कि तेल की आवाजाही को संभालने में ईरान ने बहुत खराब काम किया है और यह उनके बीच हुए समझौते के खिलाफ था।

शांति वार्ता और जहाजों की आवाजाही का क्या हाल है?

पाकिस्तान के इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता शुरू हो चुकी है। अमेरिका की तरफ से उपराष्ट्रपति JD Vance, स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर बातचीत कर रहे हैं, जबकि ईरान की ओर से संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाकर कालिबाफ और विदेश मंत्री मौजूद हैं।

समुद्री आंकड़ों के अनुसार, इस विवाद के बाद से Strait of Hormuz से गुजरने वाले टैंकरों की संख्या में 50% से ज्यादा की गिरावट आई है। पहले जहाँ रोज़ाना करीब 130 जहाज़ यहाँ से गुजरते थे, अब केवल कुछ ही जहाज़ रिस्क ले रहे हैं और उनमें से ज़्यादातर ईरान से जुड़े हुए हैं।

खाड़ी देशों में सुरक्षा स्थिति और हालिया हमले

क्षेत्र में तनाव के बीच सऊदी अरब और कुवैत जैसे देशों को नुकसान पहुँचा है। कुवैत के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि 10 अप्रैल को ईरान से जुड़े ड्रोन हमलों को उनके एयर डिफेंस सिस्टम ने नाकाम किया। वहीं सऊदी अरब ने अपनी एक मुख्य पाइपलाइन में नुकसान की रिपोर्ट दी है।

देश/स्थान घटना तारीख
कुवैत ईरानी ड्रोन हमला, एयर डिफेंस ने जवाब दिया 10 अप्रैल 2026
सऊदी अरब मुख्य पाइपलाइन को नुकसान पहुँचा अप्रैल 2026
Lavan Island तेल स्टोरेज टैंकों में विस्फोट और धुआँ 9 अप्रैल 2026