अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान को सख्त चेतावनी दी है। उन्होंने साफ कहा कि वे हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में जहाजों के आने-जाने में किसी भी तरह की रुकावट बर्दाश्त नहीं करेंगे। रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान इस समुद्री रास्ते से गुजरने वाले जहाजों से पैसे वसूल रहा है, जिस पर ट्रंप ने कड़ा ऐतराज जताया है।

ईरान और अमेरिका के बीच क्या है पूरा मामला?

अमेरिका और ईरान के बीच 7 या 8 अप्रैल 2026 को दो हफ्ते का युद्धविराम (ceasefire) तय हुआ था। अमेरिका की मुख्य शर्त यह थी कि हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य को पूरी तरह और सुरक्षित खोला जाए। लेकिन 8 या 9 अप्रैल को ईरान ने इस रास्ते को बंद कर दिया। ईरान का कहना था कि इसराइल ने बेरुत पर हमला कर समझौते की शर्तों को तोड़ा है। इस तनाव की वजह से फिलहाल यहाँ जहाजों की आवाजाही सामान्य से केवल 10% रह गई है।

क्या ईरान जहाजों से पैसे वसूल रहा है?

इसराइल की खुफिया रिपोर्टों के अनुसार, ईरान की IRGC उन जहाजों से 10 से 20 लाख डॉलर तक की फीस ले रही है जो इस रास्ते से सुरक्षित गुजरना चाहते हैं। Donald Trump ने इस पर नाराजगी जताते हुए कहा कि ईरान को यह वसूली तुरंत बंद करनी होगी। ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका इस रास्ते को आसानी से खोल सकता है। दूसरी तरफ, ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने कहा कि युद्धविराम के दौरान IRGC रास्ता संभालेगी और बाद में ओमान के साथ मिलकर फीस ली जाएगी।

अंतरराष्ट्रीय नियम और ताजा हालात क्या हैं?

अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन (IMO) और UN के नियमों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों पर कोई भी देश टैक्स नहीं लगा सकता। इसे ‘ट्रांजिट पैसेज’ का अधिकार कहा जाता है और किसी भी तरह की रुकावट अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन है। इस पूरे विवाद के बीच आसपास के देशों में भी हलचल बढ़ गई है।

मुख्य बिंदु ताजा जानकारी
UNCLOS नियम अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों में रास्ता रोकना या फीस लेना गैरकानूनी है
कुवैत पर हमला 9 अप्रैल की रात ईरान और उसके समर्थकों ने कुवैत के ठिकानों पर ड्रोन हमला किया
JD Vance की यात्रा अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance बातचीत के लिए पाकिस्तान जा रहे हैं
जहाजों का ट्रैफिक रास्ते में वर्तमान में केवल 10% ट्रैफिक चल रहा है
IRGC का दावा ईरान ने कहा कि पुराने रास्तों पर माइन्स का खतरा है, इसलिए नए रास्ते बताए हैं
ईरान की शर्त राष्ट्रपति Pezeshkian ने लेबनान में हमले रोकने को युद्धविराम के लिए जरूरी बताया है
IMO का बयान समुद्री रास्ते पर टोल टैक्स लगाना एक खतरनाक मिसाल होगी
Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.