दुबई में हवाई सफर करने वालों के लिए एक बहुत बड़ी खबर है। साल 2032 से एयरपोर्ट का पूरा अनुभव बदल जाएगा। अब यात्रियों को लंबी लाइनों में नहीं लगना पड़ेगा और वे ट्रेन के जरिए सीधे टर्मिनल तक पहुंच सकेंगे।

दुबई सरकार ने Al Maktoum International Airport (DWC) के विस्तार की तैयारी शुरू कर दी है। इस बड़े प्रोजेक्ट का पहला चरण 2032 में शुरू होगा। दुबई एयरपोर्ट्स के CEO Paul Griffiths ने बताया है कि उनका मकसद यात्रियों के लिए सफर को इतना आसान बनाना है कि उन्हें किसी भी तरह की देरी या कतार का सामना न करना पड़े।

नए सिस्टम में उन यात्रियों के लिए चेक-इन की जरूरत नहीं होगी जो सिर्फ हैंड बैगेज के साथ यात्रा कर रहे हैं। साथ ही, पासपोर्ट की जगह बायोमेट्रिक स्कैनिंग का इस्तेमाल किया जाएगा, जिससे एयरपोर्ट में एंट्री और एग्जिट बहुत तेजी से होगा।

प्रोजेक्ट की खास बातें

  • कुल लागत: 128 अरब AED (लगभग 35 अरब डॉलर)
  • कुल रनवे: 5 पैरेलल रनवे
  • यात्रियों की क्षमता: 260 मिलियन सालाना
  • कार्गो क्षमता: 12 मिलियन टन सालाना
  • टर्मिनल: 2 पैसेंजर टर्मिनल और 7 कॉनकोर्स

इस एयरपोर्ट को दुबई की आर्थिक रणनीति D33 का अहम हिस्सा माना जा रहा है। शेख मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम ने कंफर्म किया है कि धीरे-धीरे सभी एयरपोर्ट ऑपरेशन्स Al Maktoum International Airport पर शिफ्ट कर दिए जाएंगे।

सफर को आसान बनाने के लिए Roads and Transport Authority (RTA) मेट्रो के विस्तार पर काम कर रहा है। Route 2020 मेट्रो को एक्सपो 2020 स्टेशन से Al Maktoum वेस्ट टर्मिनल तक जोड़ा जाएगा। इसके अलावा DXB और DWC को जोड़ने के लिए एक एयरपोर्ट एक्सप्रेस लाइन पर भी विचार किया जा रहा है।

मौजूदा समय में इस प्रोजेक्ट पर तेजी से काम चल रहा है। अब तक 10 मिलियन वर्किंग आवर्स पूरे हो चुके हैं और करीब 9,000 मजदूर काम कर रहे हैं, जिनकी संख्या आगे बढ़कर 1.2 लाख तक पहुंच सकती है।

वहीं दूसरी तरफ, Dubai International Airport (DXB) को बेहतर बनाने के लिए 16 अरब AED का बजट रखा गया है। इसमें टर्मिनल 3 के एक्सेस ब्रिज और बैगेज हैंडलिंग सिस्टम को सुधारा जाएगा।