Dubai Humanitarian ने शुरू किया नया एयर ब्रिज, गाजा के लिए भेजी गई जरूरी राहत सामग्री और दवाइयां

दुबई ह्यूमैनिटेरियन ने गाजा के लिए एक नया एयर ब्रिज शुरू किया है, जिसके तहत वहां के जरूरतमंद लोगों तक राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है। यह पूरा कदम यूएई के उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और दुबई के शासक His Highness Sheikh Mohammed bin Rashid Al Maktoum के आदेशों के तहत उठाया गया है। इस जरूरी ऑपरेशन की शुरुआत इसी हफ्ते हुई है, जिसमें चार चार्टर उड़ानों ने गाजा के लिए उड़ान भरी। इन उड़ानों में जरूरी दवाइयां, टेंट और खाने के बिस्कुट ले जाए गए हैं, ताकि वहां के संकटग्रस्त लोगों की तुरंत मदद की जा सके।
गाजा के लिए कितनी राहत सामग्री भेजी गई
इस राहत अभियान की पहली खेप में करीब 11 metric tonnes मेडिकल सप्लाई भेजी गई है। आने वाले हफ्तों में यह मात्रा और बढ़ाई जाएगी और कुल मिलाकर लगभग 150 metric tonnes राहत सामग्री गाजा भेजने की योजना है। इस पूरी मदद की कुल कीमत $1.3 million से ज्यादा है। इस सहायता का मुख्य उद्देश्य गाजा में इस समय गंभीर कमी का सामना कर रहे लगभग 400,000 लोगों की मदद करना है, जिन्हें भोजन और दवाइयों की सबसे ज्यादा जरूरत है।
दुबई के ग्लोबल लॉजिस्टिक्स सेंटर से हो रही है मदद
यह सारा राहत का सामान WHO Global Logistics Centre से लिया जा रहा है, जो दुबई में स्थित है। यह सेंटर संकट के समय किसी भी जगह पर तेजी से संसाधन भेजने में बहुत मदद करता है। Dubai Humanitarian के चेयरमैन Mohammed Ibrahim Al Shaibani ने बताया कि इस पहल से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मदद पहुंचाने की उनकी प्रतिबद्धता और मजबूत होती है। इससे पहले भी संगठन ने अफगानिस्तान, लेबनान और युगांडा जैसे संकटग्रस्त इलाकों में लोगों की मदद की थी।
लॉजिस्टिक्स खर्च में हुई भारी बचत
डब्ल्यूएचओ के इमरजेंसी ऑपरेशंस हेड Robert Blanchard ने जानकारी दी कि इन चार्टर उड़ानों की वजह से संगठन को संघर्ष शुरू होने के बाद से लॉजिस्टिक्स खर्च में $4 million से ज्यादा की बड़ी बचत हुई है। दुबई ह्यूमैनिटेरियन के बुनियादी ढांचे का इस्तेमाल करने से डब्ल्यूएचओ अपने सीमित पैसों को बचा पा रहा है और इस पैसे का इस्तेमाल जीवन बचाने वाली मेडिकल सेवाओं को बढ़ाने में कर रहा है। यह सभी जरूरी सामान पहले मिस्र के Al Arish International Airport पर भेजा जा रहा है और वहां से इसे तय लॉजिस्टिक्स रूट के जरिए गाजा पहुंचाया जा रहा है।