दुबई सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है जो वहां रहने वाले प्रवासियों और नागरिकों के अधिकारों की सुरक्षा से जुड़ा है। दुबई के क्राउन प्रिंस शेख हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मक्तूम ने एक नया प्रस्ताव संख्या 13 ऑफ 2026 जारी किया है। इसके तहत सरकारी अधिकारियों द्वारा नियम उल्लंघन दर्ज करने और अदालती आदेशों को लागू करने के लिए कैमरों के इस्तेमाल के कड़े नियम तय किए गए हैं। इस फैसले का मकसद सरकारी कामकाज में पारदर्शिता को बढ़ावा देना और आम लोगों की गोपनीयता को सुरक्षित रखना है।
नए नियम के तहत कैमरे का इस्तेमाल कहां और कैसे होगा?
इस नए फैसले का मुख्य उद्देश्य सरकारी कामकाज में पारदर्शिता लाना और लोगों की गोपनीयता यानी प्राइवेसी की रक्षा करना है। नए नियमों के तहत अधिकारियों के लिए कुछ खास सीमाएं तय की गई हैं जिन्हें जानना जरूरी है।
- अधिकारियों को कैमरा ऑन करने से पहले सामने वाले व्यक्ति को जानकारी देनी होगी कि उसकी रिकॉर्डिंग की जा रही है।
- अधिकारी किसी भी निजी स्थान जैसे लोगों के घरों, प्रार्थना स्थलों और चेंजिंग रूम में रिकॉर्डिंग नहीं कर सकेंगे।
- रिकॉर्ड की गई सभी फाइलों को पूरी तरह सुरक्षित और एन्क्रिप्टेड सिस्टम में रखा जाएगा ताकि कोई इसके साथ छेड़छाड़ न कर सके।
- यह सारा डेटा दुबई इलेक्ट्रॉनिक सुरक्षा केंद्र के नियमों के अनुसार सुरक्षित रखा जाएगा और केवल अधिकृत अधिकारियों की ही इस तक पहुंच होगी।
प्रवासियों और आम जनता पर इसका क्या असर पड़ेगा?
दुबई में बड़ी संख्या में भारतीय और अन्य देशों के प्रवासी रहते हैं। इस नए कानून से आम लोगों को बड़ी राहत मिलेगी क्योंकि अब कोई भी अधिकारी बिना बताए या किसी भी निजी जगह पर रिकॉर्डिंग नहीं कर सकेगा। अधिकारियों को रिकॉर्डिंग को पूरी तरह गोपनीय रखना होगा और वे इसे केवल अधिकृत सरकारी विभागों के साथ ही साझा कर सकेंगे। सरकारी विभागों को उन कर्मचारियों का पूरा डेटाबेस रखना होगा जिनके पास इन रिकॉर्डिंग्स को देखने का अधिकार दिया गया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
दुबई में सरकारी अधिकारियों के लिए कैमरे का नया नियम कब जारी हुआ?
यह नियम 2 जून 2026 को दुबई के क्राउन प्रिंस शेख हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मक्तूम द्वारा जारी किया गया है।
क्या दुबई में अधिकारी घर के अंदर जाकर रिकॉर्डिंग कर सकते हैं?
नहीं, नए नियमों के अनुसार अधिकारी घरों, प्रार्थना स्थलों और चेंजिंग रूम जैसे अत्यधिक निजी स्थानों पर रिकॉर्डिंग नहीं कर सकते हैं।
क्या रिकॉर्डिंग करने से पहले लोगों को बताना जरूरी है?
हां, नए नियम के तहत जब भी कोई अधिकारी रिकॉर्डिंग शुरू करेगा, तो उसे वहां मौजूद व्यक्ति को सूचित करना अनिवार्य होगा।
