मिस्र के Damietta Port पर 29 जुलाई 2026 को एक ड्रोन हमला हुआ, जिसमें दो बड़े जहाज आग की चपेट में आ गए। Kuwait के विदेश मंत्रालय ने इस हमले की कड़ी निंदा की और मिस्र की सुरक्षा और संप्रभुता के साथ अपनी पूरी एकजुटता दिखाई है। मंत्रालय ने अपने आधिकारिक बयान में कहा कि वह मिस्र की सुरक्षा से जुड़े हर कदम का समर्थन करते हैं।
हमले की पूरी जानकारी
जांच में पता चला है कि यह हमला ड्रोन के जरिए किया गया। इसमें Energos Winter और Gaslog Salem नाम के दो जहाज प्रभावित हुए। मिस्र के कैबिनेट ने हमले की पुष्टि करते हुए बताया कि पेट्रोलियम मंत्री Karim Badawi ने खुद मौके पर जाकर स्थिति का जायजा लिया। अच्छी बात यह रही कि इस घटना में कोई भी हताहत नहीं हुआ और आग पर काबू पा लिया गया है।
पोर्ट पर सामान्य कामकाज
Damietta Port Authority और मिस्र के परिवहन मंत्रालय ने 30 जुलाई 2026 को साफ कर दिया कि पोर्ट पर सभी गतिविधियां सामान्य रूप से चल रही हैं। काम बिल्कुल भी प्रभावित नहीं हुआ है और पोर्ट पूरी क्षमता के साथ खुला है।
अंतर्राष्ट्रीय प्रतिक्रिया
GCC के महासचिव Jasem Mohamed Albudaiwi ने भी इस हमले को क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए खतरा बताया है। इस मामले पर अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी और कहा कि वह इस हमले का कड़ा जवाब देंगे। वहीं, यमन के हूती विद्रोहियों ने इस हमले में अपना हाथ होने से इनकार किया है। फिलहाल यह घटना क्षेत्र में बढ़ रहे तनाव के बीच हुई है।
