Etihad Airways ने एक बड़ा कदम उठाते हुए 15 पाकिस्तानी कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया है. खबरों के मुताबिक इन लोगों को सिर्फ 48 घंटे के अंदर UAE छोड़ने का आदेश मिला है. इस खबर ने अबू धाबी में काम करने वाले प्रवासियों के बीच काफी चिंता पैदा कर दी है.
Etihad Airways में क्या हुआ और क्यों मचा है हंगामा
30 अप्रैल और 1 मई 2026 को ऐसी खबरें आईं कि Etihad Airways ने अपने अबू धाबी हैंगर में काम करने वाले 15 पाकिस्तानी नागरिकों का कॉन्ट्रैक्ट खत्म कर दिया. इन कर्मचारियों को इमिग्रेशन ऑफिस बुलाया गया और उन्हें 48 घंटे के भीतर देश छोड़ने का निर्देश दिया गया. बताया जा रहा है कि इनमें से कुछ कर्मचारी बहुत पुराने थे और उनमें से एक व्यक्ति तो पिछले 20 सालों से कंपनी में काम कर रहा था.
क्या यह फैसला किसी खास देश के खिलाफ है
इस पूरे मामले पर Etihad Airways की तरफ से अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है. हालांकि, पॉलिसी एक्सपर्ट Ali K. Chishti ने इस बात को खारिज कर दिया कि यह छंटनी सिर्फ पाकिस्तानी होने की वजह से हुई है. उनका कहना है कि एविएशन और टूरिज्म सेक्टर में चल रहे बदलावों और रिस्ट्रक्चरिंग की वजह से यह कदम उठाया गया है. दूसरी तरफ, कुछ विश्लेषक और सोशल मीडिया यूजर्स इसे UAE और पाकिस्तान के बीच बदलते रिश्तों और आर्थिक दबाव से जोड़कर देख रहे हैं.
गल्फ में रहने वाले प्रवासियों और भारतीयों पर असर
जब भी किसी बड़ी कंपनी में अचानक इस तरह की छंटनी होती है, तो इसका असर दूसरे प्रवासियों पर भी पड़ता है. गल्फ में रहने वाले भारतीय और अन्य विदेशी नागरिक भी अपनी नौकरी की सुरक्षा को लेकर चर्चा कर रहे हैं. यह देखना जरूरी है कि भविष्य में लेबर नियमों में क्या बदलाव आते हैं. वैसे, जनवरी और मार्च 2026 में UAE और पाकिस्तान के बीच व्यापार और निवेश को लेकर उच्च स्तरीय बातचीत हुई थी, जिससे उम्मीद है कि राजनयिक संबंध सामान्य रहेंगे.
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या Etihad Airways ने आधिकारिक तौर पर इस खबर की पुष्टि की है?
नहीं, 1 मई 2026 तक Etihad Airways की तरफ से इन बर्खास्तगियों या एग्जिट ऑर्डर के संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है.
प्रभावित कर्मचारियों को UAE छोड़ने के लिए कितना समय दिया गया?
रिपोर्ट्स के अनुसार, प्रभावित 15 पाकिस्तानी कर्मचारियों को इमिग्रेशन ऑफिस द्वारा 48 घंटे के भीतर UAE छोड़ने का आदेश दिया गया था.