Strait of Hormuz की सुरक्षा के लिए European Union (EU) ने अपनी तैयारी पूरी कर ली है। यूरोपीय संघ ने साफ कर दिया है कि वह इस इलाके में हिस्सा लेने और समुद्री रास्तों को सुरक्षित बनाने के लिए तैयार है। यह कदम इसलिए उठाया गया है ताकि दुनिया भर के व्यापारिक जहाजों को कोई खतरा न हो और रास्ता खुला रहे।

EU ने अब तक क्या-क्या तैयारी की है?

यूरोपीय संघ ने पिछले कुछ महीनों में इस दिशा में कई बड़े कदम उठाए हैं। 1 मार्च 2026 को EU ने चेतावनी दी थी कि समुद्री रास्तों में रुकावट बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसके बाद 5 मार्च को विदेशी नीति प्रमुख Kaja Kallas ने क्षेत्र में यूरोपीय नौसेना के जहाजों को भेजने की बात कही थी। 19 मार्च 2026 को ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी, इटली और नीदरलैंड के साथ जापान ने एक साझा बयान जारी किया था। इसमें ईरान के हमलों की कड़ी निंदा की गई और रास्ता तुरंत खोलने की मांग की गई थी।

कौन से देश इस सुरक्षा मिशन का नेतृत्व कर रहे हैं?

  • ब्रिटेन और फ्रांस: इन दोनों देशों ने मिलकर एक गठबंधन बनाया है जिसे 2 अप्रैल 2026 को EU का आधिकारिक समर्थन मिला।
  • बहुराष्ट्रीय बल: 17 अप्रैल 2026 को फ्रांस के राष्ट्रपति Emmanuel Macron और ब्रिटेन के प्रधानमंत्री Keir Starmer ने एक अंतरराष्ट्रीय फोर्स तैनात करने पर चर्चा की।
  • मिशन का उद्देश्य: यह मिशन पूरी तरह शांतिपूर्ण और रक्षात्मक होगा। इसका मुख्य काम समुद्री माइन्स को हटाना और व्यापारिक जहाजों को सुरक्षा का भरोसा देना है।

UN और अमेरिका का इस पर क्या कहना है?

16 अप्रैल 2026 को UN General Assembly में EU ने कहा कि समुद्री रास्तों में कोई भी बाधा स्वीकार नहीं होगी। इसी दौरान अमेरिका और ईरान के बीच हुई युद्धविराम (ceasefire) की खबर का यूरोपीय संघ ने स्वागत किया। 30 अप्रैल 2026 को EU ने एक बार फिर भरोसा दिलाया कि वह अंतरराष्ट्रीय सहयोग के जरिए व्यापारिक रास्तों को सुरक्षित रखने के लिए प्रतिबद्ध है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

यूरोपीय संघ Strait of Hormuz में क्यों शामिल हो रहा है?

EU का मुख्य उद्देश्य समुद्री रास्तों को सुरक्षित बनाना और व्यापारिक जहाजों की आवाजाही को बिना किसी बाधा के जारी रखना है ताकि वैश्विक व्यापार प्रभावित न हो।

क्या यह एक सैन्य हमला होगा?

नहीं, फ्रांस और ब्रिटेन के नेताओं के अनुसार यह मिशन पूरी तरह शांतिपूर्ण और रक्षात्मक होगा, जिसका काम केवल सुरक्षा देना और माइन्स को हटाना है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com