Fitch Ratings का बड़ा दावा, ईरान युद्ध के बीच मज़बूत रहे Gulf देश, ओमान रहा सबसे सुरक्षित
ईरान और अमेरिका के बीच चल रही जंग ने पूरी दुनिया की चिंता बढ़ा दी है, लेकिन Fitch Ratings ने एक बड़ी रिपोर्ट जारी की है। एजेंसी ने बताया कि ज़्यादातर खाड़ी देश इस मुश्किल समय में भी आर्थिक रूप से डटे रहे और उन्होंने अच्छी सहनशक्ति दिखाई। हालांकि, युद्ध के लंबे खिंचने और दोबारा तनाव बढ़ने से रेटिंग्स पर दबाव आ सकता है।
किन देशों पर क्या असर पड़ा और कौन रहा सुरक्षित?
Fitch Ratings के मुताबिक, ओमान इस पूरे विवाद में सबसे ज़्यादा सुरक्षित रहा क्योंकि उसके तेल निर्यात के लिए होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) पर निर्भरता नहीं है। वहीं, कतर और रास अल खैमाह की स्थिति थोड़ी चिंताजनक है, जिन्हें ‘रेटिंग वॉच नेगेटिव’ पर रखा गया है। कतर के रस लफ्फन LNG गैस कॉम्प्लेक्स पर हुए हमले और समुद्री रास्तों के बंद होने से वहां के आर्थिक विकास पर असर पड़ा है।
युद्धविराम और मुआवज़े की क्या स्थिति है?
8 अप्रैल 2026 को ईरान में दो हफ्ते के युद्धविराम का ऐलान हुआ था, जिससे ऊर्जा बाज़ारों में तनाव कुछ कम हुआ। इससे पहले ईरान ने सऊदी अरब और अन्य देशों के ऊर्जा केंद्रों को निशाना बनाया था। अब ईरान उन देशों से मुआवज़ा मांग रहा है जिन्होंने उसकी ज़मीन का इस्तेमाल हमलों के लिए किया, जबकि खाड़ी देश भी नागरिक बुनियादी ढांचों को नुकसान पहुँचाने के लिए ईरान से मुआवज़े की मांग कर रहे हैं।
| तारीख | मुख्य घटना/अपडेट |
|---|---|
| 1 मार्च 2026 | संयुक्त राष्ट्र ने प्रस्ताव 2817 अपनाकर ईरान के हमलों की निंदा की |
| मार्च/अप्रैल 2026 | कतर और रास अल खैमाह की रेटिंग ‘वॉच नेगेटिव’ में डाली गई |
| 8 अप्रैल 2026 | ईरान में दो हफ्ते के युद्धविराम का ऐलान हुआ |
| 9 अप्रैल 2026 | GCC देशों ने युद्धविराम और समुद्री रास्तों को खोलने का स्वागत किया |
| 10 अप्रैल 2026 | Fitch ने वैश्विक ऊर्जा बाज़ारों में तनाव कम होने की उम्मीद जताई |
| 13-15 अप्रैल 2026 | ईरान ने GCC देशों और जॉर्डन से मुआवज़े की मांग की |
| 17 अप्रैल 2026 | Fitch ने GCC देशों की आर्थिक मजबूती की पुष्टि की |