GCC देशों की बड़ी मीटिंग 1 मई को, व्यापार और छोटे बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए बनेगा नया प्लान
GCC देशों के बीच व्यापार को और मजबूत करने के लिए 70वीं मंत्रिस्तरीय बैठक होने जा रही है। यह मीटिंग 1 मई 2026 को ऑनलाइन तरीके से आयोजित की जाएगी। इसका मुख्य मकसद सदस्य देशों के बीच आर्थिक तालमेल बढ़ाना और छोटे बिजनेस (SME) को आगे ले जाना है ताकि पूरे क्षेत्र में आर्थिक तरक्की हो सके।
इस बैठक में किन बातों पर होगी चर्चा?
कुवैत के वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय की कार्यवाहक अंडरसेक्रेटरी मरवा अल-जायदान ने इस मीटिंग की जानकारी दी है। बैठक में मुख्य तौर पर आंतरिक और बाहरी व्यापार, ग्राहकों के अधिकारों की रक्षा और नए बिजनेस शुरू करने वालों के लिए जरूरी योजनाओं पर बात होगी। साथ ही, छोटे और मध्यम उद्योगों (SME) को सपोर्ट करने के लिए कई खास कदम उठाए जाएंगे।
बिजनेस और कस्टम्स के लिए क्या होगा नया?
इस मुख्य मीटिंग से पहले एक तैयारी बैठक भी हुई थी जिसमें कई अहम सुझाव दिए गए। इसमें GCC देशों के बॉर्डर और एंट्री पॉइंट्स पर एक साझा कमर्शियल रजिस्ट्री बनाने की बात हुई है, जिससे सामान की आवाजाही और कस्टम क्लियरेंस का काम काफी आसान हो जाएगा। इसके अलावा, बिजनेस शुरू करने वालों की मदद के लिए एक वर्चुअल बिजनेस इनक्यूबेटर बनाने पर भी विचार किया गया है।
इंटरनेशनल नियमों का क्या होगा असर?
बैठक में इस बात पर भी गौर किया जाएगा कि यूरोपीय संघ (EU) के नए नियम GCC देशों के व्यापार पर क्या असर डालेंगे। इसमें मुख्य रूप से कार्बन बॉर्डर एडजस्टमेंट मैकेनिज्म और ड्यू डिलिजेंस एक्ट जैसे नियमों की चर्चा होगी। इन सभी तकनीकी चर्चाओं के सुझावों को अब 1 मई की मुख्य बैठक में मंजूरी के लिए भेजा जाएगा।