Bahrain अपनी सुरक्षा के लिए जो कदम उठा रहा है, उसमें Gulf Cooperation Council (GCC) पूरी तरह उसके साथ खड़ा है। GCC के महासचिव ने साफ कर दिया है कि बहरीन की संप्रभुता और सुरक्षा के लिए लिए गए सभी फैसले सही हैं। इस बीच बहरीन ने ईरान के बयानों को अपनी अंदरूनी मामला में दखल बताया है और उसे अपनी सीमा में रहने की चेतावनी दी है।

GCC और बहरीन की सुरक्षा को लेकर क्या फैसला हुआ?

GCC Secretary-General ने 2 मई 2026 को एक आधिकारिक बयान जारी किया। उन्होंने कहा कि GCC परिषद बहरीन के उन सभी कदमों का समर्थन करती है जो वह अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उठा रहा है। GCC के नियमों और साझा रक्षा समझौते के तहत सभी सदस्य देशों की सुरक्षा को एक माना गया है।

  • बहरीन ने 28 अप्रैल 2026 को 25 लोगों को सजा सुनाई थी।
  • इन लोगों पर ईरान के हमलों में मदद करने और प्रतिबंधित इलाकों की फोटो लेने का आरोप था।
  • इन पर गलत खबरें फैलाकर देश में अस्थिरता पैदा करने का भी आरोप लगा था।

ईरान की दखलअंदाजी और ITU का ऐतिहासिक फैसला क्या है?

बहरीन के विदेश मंत्रालय ने 2 मई 2026 को ईरान के बयानों को पूरी तरह खारिज कर दिया। मंत्रालय ने इसे बहरीन के आंतरिक मामलों में सीधा हस्तक्षेप बताया और ईरान से संयुक्त राष्ट्र के चार्टर का पालन करने को कहा। इसी दौरान International Telecommunication Union (ITU) में एक बड़ा फैसला लिया गया।

UAE के नेतृत्व में एक प्रस्ताव पास हुआ जिसमें समुद्री केबल्स और टेलीकॉम इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमलों की निंदा की गई। यह फैसला बहरीन, कुवैत, UAE और जॉर्डन जैसे देशों के लिए बहुत अहम है क्योंकि पहली बार ITU ने इस तरह के हमलों को औपचारिक रूप से गलत बताया है।

UN Security Council और अमेरिका का क्या रुख रहा?

बहरीन ने अप्रैल 2026 में UN Security Council की अध्यक्षता की थी। इस दौरान समुद्री सुरक्षा और आतंकवाद के खिलाफ सहयोग पर चर्चा हुई। इससे पहले 11 मार्च 2026 को UN Security Council ने प्रस्ताव 2817 पास किया था, जिसमें GCC देशों और जॉर्डन पर हुए ईरानी हमलों की कड़ी निंदा की गई थी।

दूसरी तरफ, अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने कांग्रेस को सूचित किया कि 28 फरवरी 2026 से ईरान के खिलाफ शुरू हुई सैन्य कार्रवाइयां अब समाप्त हो गई हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

GCC ने बहरीन की सुरक्षा पर क्या बयान दिया?

GCC महासचिव ने 2 मई 2026 को कहा कि परिषद बहरीन द्वारा अपनी सुरक्षा के लिए उठाए गए सभी संप्रभु कदमों का पूरी तरह समर्थन करती है।

ITU के नए प्रस्ताव का क्या मतलब है?

ITU ने UAE के नेतृत्व में एक प्रस्ताव पास किया है जो समुद्री केबल्स और टेलीकॉम नेटवर्क पर हमलों की निंदा करता है, जिससे बहरीन और अन्य खाड़ी देशों के डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को सुरक्षा मिलेगी।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.