बहरीन के मनामा में सऊदी अरब के विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान और अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो के बीच एक अहम बैठक हुई। इस मीटिंग में GCC देशों के प्रतिनिधि और महासचिव जासेम अलबुदैवी भी शामिल थे। इस चर्चा का मुख्य मकसद खाड़ी क्षेत्र में शांति बनाए रखना और सुरक्षा को मजबूत करना था।

ईरान के साथ समझौता और सुरक्षा की शर्तें

बैठक के दौरान 17 जून को अमेरिका और ईरान के बीच हुए एक समझौते (MOU) का स्वागत किया गया। इस डील में कतर और पाकिस्तान ने बीच-बचाव किया था ताकि दोनों देशों के बीच टकराव को रोका जा सके। मीटिंग में मौजूद नेताओं ने साफ कहा कि ईरान को परमाणु हथियार बनाने से रोकना सबसे बड़ी प्राथमिकता है।

नेताओं ने इस बात पर जोर दिया कि क्षेत्रीय शांति के लिए ईरान को अपनी मिसाइल, ड्रोन और अन्य समूहों को समर्थन देने वाली गतिविधियों को बंद करना होगा। यह भी तय हुआ कि ईरान के साथ भविष्य में व्यापार और निवेश तभी होगा जब वह समझौते की शर्तों को मानेगा। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने कहा कि ईरान के साथ कोई भी डील GCC देशों की सुरक्षा को खतरे में डालकर नहीं की जाएगी।

समुद्री रास्तों और व्यापार पर बड़ा फैसला

मीटिंग में समुद्री सुरक्षा और व्यापारिक रास्तों, खासकर हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) की सुरक्षा पर चर्चा हुई। यह तय किया गया कि इस रास्ते से व्यापार बिना किसी रुकावट के चलता रहना चाहिए। मार्को रूबियो ने स्पष्ट किया कि हॉर्मुज जलडमरूमध्य किसी एक देश की मिल्कियत नहीं है, इसलिए वहां किसी भी तरह का टोल या फीस वसूलना गलत है।

साथ ही, ओमान और इंटरनेशनल मैरीटाइम ऑर्गनाइजेशन (IMO) द्वारा क्षेत्र में फंसे हुए 11,000 से ज्यादा नाविकों को निकालने के प्लान की सराहना की गई।

गाजा, लेबनान और सीरिया पर चर्चा

  • गाजा: मीटिंग में गाजा संघर्ष को खत्म करने के लिए अमेरिका के प्लान का समर्थन किया गया और फिलिस्तीनी राज्य की स्थापना की बात कही गई।
  • लेबनान: लेबनान की सुरक्षा और संप्रभुता का समर्थन किया गया। इसराइल और लेबनान के बीच शांति वार्ता का स्वागत किया गया ताकि सीमा विवाद सुलझ सके।
  • सीरिया: सीरिया की सरकार और वहां के लोगों को मदद देने का वादा किया गया। आतंकवाद को खत्म करने और शरणार्थियों की वापसी में सहयोग करने की बात कही गई।

अधिकारियों के बयान

अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने GCC देशों की सुरक्षा के लिए अमेरिका की पुरानी प्रतिबद्धता को दोहराया। वहीं बहरीन के विदेश मंत्री डॉ. अब्दुल्लातीफ़ बिन राशिद अल ज़यानी ने कहा कि GCC देशों पर हुए हालिया हमलों ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय पार्टनर्स के साथ मिलकर काम करने के लिए और मजबूत किया है। उन्होंने मांग की कि ईरान समझौते के तहत अपनी सभी जिम्मेदारियों को पूरा करे।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com