खाड़ी सहयोग परिषद (GCC) के महासचिव जसीम मोहम्मद अल्बुदैवी ने ईरानी हमलों का सामना करने के लिए खाड़ी देशों की सशस्त्र बलों की तारीफ की है। रविवार को रियाद में यूनिफाइड मिलिट्री कमांड (UMC) के मुख्यालय के दौरे पर उन्होंने यह बयान दिया। उन्होंने कहा कि सेनाओं ने बहादुरी और पेशेवर तरीके से काम करते हुए अपनी सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखा है। यह हमले 28 फरवरी 2026 से लगातार जारी हैं और सभी खाड़ी देश मिलकर अपनी रक्षा कर रहे हैं।

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खाड़ी देशों पर हालिया हमलों में क्या हुआ?

रविवार सुबह खाड़ी देशों पर नए सिरे से ईरानी हमले देखे गए। यूएई में मिसाइल हमले के बाद एयर डिफेंस सिस्टम एक्टिव हो गया और हमले को रोका गया। वहीं सऊदी अरब ने रियाद के ऊपर 10 ड्रोन को हवा में ही नष्ट कर दिया। बहरीन की राजधानी में भी हमले की चेतावनी देने वाले सायरन बजे। यूएई के उप प्रधानमंत्री शेख सैफ बिन जायद अल नाहयान ने जानकारी दी कि 28 फरवरी को विवाद शुरू होने के बाद से अब तक यूएई ने 1,700 से अधिक मिसाइल और ड्रोन हमलों से खुद को बचाया है। शनिवार को ईरान ने यूएई के फुजैरा सहित तीन बड़े पोर्ट को खाली करने की चेतावनी भी दी थी।

प्रवासियों और आम नागरिकों के लिए क्या स्थिति है?

आम नागरिकों और प्रवासियों की सुरक्षा के लिए सभी जरुरी कदम उठाए जा रहे हैं। अधिकारियों ने बताया कि लोगों ने सेफ रूम का सही इस्तेमाल किया, जिसके कारण जान-माल का नुकसान बहुत कम हुआ है। रियाद और दुबई में मलबे के कारण कुछ निजी संपत्तियों और गाड़ियों को मामूली नुकसान पहुंचा है, लेकिन सभी जरूरी सेवाएं चालू हैं। इसके अलावा यूएई विदेश मंत्रालय (MoFA) और NCEMA उन 500 निवासियों और Golden Visa धारकों की वापसी पर काम कर रहे हैं जो फ्लाइट रद्द होने के कारण दूसरे देशों में फंसे हुए हैं।

अधिकारियों और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर क्या बयान आए हैं?

GCC चीफ अल्बुदैवी ने कहा कि सभी खाड़ी देशों की सुरक्षा एक दूसरे से जुड़ी हुई है और इसे अलग नहीं किया जा सकता। यूएई के राष्ट्रपति सलाहकार अनवर गर्गश ने ईरान के उन दावों को खारिज कर दिया जिसमें कहा गया था कि अमेरिका यूएई की जमीन का इस्तेमाल ईरान पर हमलों के लिए कर रहा है। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) ने भी इन हमलों की निंदा की है। यूएन चार्टर के आर्टिकल 51 के तहत खाड़ी देशों को अपनी रक्षा करने का पूरा कानूनी अधिकार दिया गया है। अमेरिका और यूरोपीय संघ ने भी खाड़ी देशों का समर्थन किया है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.