अमेरिका-इज़राइल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध ने खाड़ी देशों में पानी के संकट का एक नया खतरा पैदा कर दिया है। इस युद्ध में अब समंदर के पानी को साफ करने वाले बड़े प्लांट (Desalination plants) को भी निशाना बनाया जा रहा है। अल जज़ीरा की रिपोर्ट के अनुसार, खाड़ी क्षेत्र दुनिया के सबसे अधिक पानी की कमी वाले इलाकों में से एक है। पानी जैसी बुनियादी जरूरत पर संकट आने से वहां रहने वाले लाखों भारतीय और अन्य प्रवासियों की रोजमर्रा की जिंदगी पर सीधा असर पड़ सकता है।
किन जगहों के वाटर प्लांट्स पर हुआ है हमला?
पिछले कुछ दिनों में पानी के इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमले बढ़े हैं। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची ने एक्स (X) पर बताया कि अमेरिका ने Qeshm Island पर एक वाटर प्लांट को निशाना बनाया, जिससे 30 गांवों का पानी कट गया। उन्होंने कहा कि इसकी शुरुआत अमेरिका ने की है। वहीं, बहरीन के गृह मंत्रालय ने पुष्टि की है कि एक ईरानी ड्रोन ने मुहर्रक के पास Hidd वाटर प्लांट को नुकसान पहुंचाया है।
इसके अलावा कुवैत के दोहा वेस्ट और यूएई के Fujairah और Jebel Ali प्लांट के पास भी हमलों की खबरें आई हैं। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड (IRGC) ने खाड़ी में मौजूद टेक कंपनियों को भी निशाना बनाने की धमकी दी है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी कहा है कि अगर ईरान ने जवाबी कार्रवाई जारी रखी तो उसके इंफ्रास्ट्रक्चर को पूरी तरह नष्ट कर दिया जाएगा।
खाड़ी देशों में पानी की व्यवस्था पर क्या असर पड़ेगा?
खाड़ी देशों में पीने के पानी का मुख्य स्रोत समंदर के पानी को साफ करने वाले (Desalination) प्लांट ही हैं। अल जज़ीरा की रिपोर्ट बताती है कि खाड़ी देशों का 90 प्रतिशत पानी केवल 56 बड़े प्लांट्स से आता है। अगर ये प्लांट बंद हो गए तो कुछ ही दिनों में भारी संकट आ सकता है। लीक हुई अमेरिकी खुफिया रिपोर्ट के मुताबिक, अगर पानी की पाइपलाइन टूटती है तो रियाद जैसे बड़े शहर को एक हफ्ते के भीतर खाली करना पड़ सकता है। इन हमलों के बाद कई ऊर्जा और जल कंपनियों ने फोर्स मेज्योर (Force Majeure) घोषित कर दिया है।
खाड़ी देशों की पानी को लेकर निर्भरता के आंकड़े इस प्रकार हैं:
| देश / क्षेत्र | पानी की निर्भरता का आंकड़ा |
|---|---|
| कतर | 99 प्रतिशत पीने का पानी |
| कुवैत | 90 प्रतिशत पीने का पानी |
| ओमान | 86 प्रतिशत पीने का पानी |
| सऊदी अरब | 70 प्रतिशत पीने का पानी (रियाद का 90 प्रतिशत पानी जुबैल प्लांट से) |
| बहरीन | 59 प्रतिशत कुल पानी की सप्लाई |
| यूएई (UAE) | 42 प्रतिशत कुल पानी की सप्लाई |
| पूरा खाड़ी क्षेत्र | दुनिया का 40 प्रतिशत साफ किया हुआ पानी (400 से अधिक प्लांट) |
