अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के कारण पूरे खाड़ी क्षेत्र में विमानन सेवाओं पर बुरा असर पड़ा है। 18 जुलाई 2026 से शुरू हुई यह समस्या 21 जुलाई 2026 तक जारी रही, जिससे कुवैत और बहरीन आने-जाने वाली फ्लाइट्स बड़े पैमाने पर रद्द करनी पड़ीं। इस स्थिति का असर UAE के रूट्स पर भी देखने को मिला है।
👉: अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ी जंग: मिडिल ईस्ट में तैनात 50,000 अमेरिकी सैनिक, जारी हैं हवाई हमले।
सुरक्षा को लेकर अलर्ट
European Union Aviation Safety Agency (EASA) ने एक एडवाइजरी जारी की है, जिसमें एयरलाइंस को 29 जुलाई 2026 तक बहरीन, कुवैत, कतर, UAE और ओमान की खाड़ी के ऊपर से उड़ान न भरने की सलाह दी गई है। यह कदम मिसाइल और ड्रोन हमलों के खतरे को देखते हुए उठाया गया है। वहीं, US State Department ने भी अपने नागरिकों के लिए ट्रैवल एडवाइजरी जारी करते हुए सावधानी बरतने को कहा है।
फ्लाइट्स और एयरपोर्ट की स्थिति
Kuwait International Airport पर 18 जुलाई को कुछ समय के लिए टेक-ऑफ और लैंडिंग रोक दी गई थी। वहीं Bahrain International Airport को भी अस्थायी रूप से बंद किया गया था, जो अब धीरे-धीरे सामान्य हो रहा है। Emirates, Etihad Airways और Air Arabia ने अपनी कई फ्लाइट्स रद्द की हैं। कुवैत के लिए Emirates की फ्लाइट्स EK853, EK855, EK857, EK859, EK854, EK856, EK858, EK860 को 21 जुलाई तक रद्द कर दिया गया था।
यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे यात्रा पर निकलने से पहले अपनी एयरलाइन से फ्लाइट का स्टेटस जरूर चेक कर लें। स्थिति धीरे-धीरे सामान्य हो रही है, लेकिन एहतियात के तौर पर अभी भी कुछ फ्लाइट्स प्रभावित हैं।
