सऊदी अरब में हज 1447 के लिए तैयारियां तेज हो गई हैं। सरकार ने अब भीड़ को संभालने के लिए पुराने तरीके छोड़कर एक आधुनिक सिस्टम अपनाने का फैसला किया है। इस नए सिस्टम से खतरों को पहले ही पहचान लिया जाएगा ताकि जायरीन सुरक्षित रहें।
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भीड़ को संभालने के लिए क्या नया बदलाव हुआ है?
पब्लिक सिक्योरिटी के डायरेक्टर Lieutenant General Mohammed Al-Bassami ने बताया कि अब भीड़ प्रबंधन के लिए एक एडवांस सिस्टम का इस्तेमाल होगा। यह सिस्टम ‘प्रोएक्टिव प्रेडिक्शन’ यानी पहले से खतरे का अंदाजा लगाने पर आधारित होगा। इससे भीड़ वाली जगहों पर किसी भी तरह की दुर्घटना को रोकने में मदद मिलेगी। Al-Bassami ने सुरक्षा बलों का निरीक्षण भी किया और बताया कि जायरीनों की सुविधा और सुरक्षा के लिए सभी इंतजाम पूरे हैं।
परमिट और सुरक्षा के क्या कड़े नियम हैं?
सऊदी इंटीरियर मिनिस्ट्री ने हज 1447 के लिए एक सुरक्षा गाइड जारी की है। इसमें जायरीनों को तय रास्तों और समय का पालन करने की सलाह दी गई है। सरकार ने साफ कर दिया है कि बिना परमिट के हज करने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी। नियमों की मुख्य बातें नीचे दी गई हैं:
- मक्का और पवित्र स्थलों में प्रवेश के लिए वैध ‘Nusuk’ कार्ड होना जरूरी है।
- बिना परमिट हज करने वालों पर 20,000 सऊदी रियाल तक का जुर्माना लगेगा।
- नियम तोड़ने में मदद करने वालों पर 1 लाख रियाल तक का जुर्माना, डिपोर्टेशन और 10 साल का एंट्री बैन लग सकता है।
- किसी भी अन्य वीज़ा पर हज करना पूरी तरह प्रतिबंधित है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बिना परमिट हज करने पर कितना जुर्माना लग सकता है?
बिना आधिकारिक परमिट के हज करने वाले व्यक्तियों पर 20,000 सऊदी रियाल तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।
भीड़ प्रबंधन के लिए कौन सा नया सिस्टम लाया गया है?
सऊदी अरब अब एक एडवांस सिस्टम का उपयोग करेगा जो प्रोएक्टिव प्रेडिक्शन पर आधारित है, जिससे खतरे को पहले ही भांपकर भीड़ को नियंत्रित किया जा सके।
