लेबनान के दक्षिणी हिस्से में Hezbollah ने ऐसे सस्ते और हल्के ड्रोन का इस्तेमाल शुरू किया है जिससे इसराइल की सेना काफी परेशान है। ये ड्रोन आम ड्रोन की तरह वायरलेस नहीं हैं बल्कि एक पतले फाइबर ऑप्टिक केबल से जुड़े हैं। इसी वजह से इसराइल के महंगे जैमिंग सिस्टम भी इन्हें नहीं रोक पा रहे हैं और सेना को भारी नुकसान झेलना पड़ा है।
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ये फाइबर ऑप्टिक ड्रोन इतने असरदार क्यों हैं?
इन ड्रोन की सबसे बड़ी खासियत इनका फाइबर ऑप्टिक केबल से जुड़ा होना है। ये केबल 10 से 30 किलोमीटर तक लंबे हो सकते हैं। चूंकि इनमें कोई वायरलेस सिग्नल नहीं होता, इसलिए इन्हें रडार या इलेक्ट्रॉनिक जैमिंग के जरिए पकड़ना नामुमकिन है। एक्सपर्ट Arie Aviram के मुताबिक, सिग्नल न होने की वजह से इलेक्ट्रॉनिक इंटेलिजेंस इन्हें ढूंढ नहीं पाती। एक्सपर्ट Orna Mizrahi ने इन्हें बच्चों के खिलौनों जैसा बताया है क्योंकि ये बहुत सस्ते हैं और इन्हें ऑनलाइन मिलने वाले सामान से भी बनाया जा सकता है। ऑपरेटर इन्हें VR गॉगल्स या स्क्रीन के जरिए चलाते हैं।
इसराइल की सेना और सरकार का क्या रिएक्शन है?
इसराइल की सेना (IDF) ने कन्फर्म किया है कि इन ड्रोन हमलों में उनके सैनिकों और एक सिविलियन कॉन्ट्रैक्टर की जान गई है। Israeli Air Force ने यह भी स्वीकार किया है कि वे इन हमलों को पूरी तरह से रोकने में नाकाम रहे हैं। प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने अब इस खतरे से निपटने के लिए एक स्पेशल प्रोजेक्ट शुरू करने का आदेश दिया है। दूसरी तरफ, अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने Netanyahu से कहा है कि वे लेबनान में केवल सर्जिकल स्ट्राइक करें ताकि दोनों देशों के बीच का कमजोर ceasefire बना रहे।
क्या इन ड्रोन की कोई कमजोरी भी है?
इतने असरदार होने के बाद भी इन ड्रोन की कुछ कमजोरियां हैं। ये ड्रोन खराब मौसम, जैसे कि भारी बारिश और तेज हवाओं में सही से काम नहीं कर पाते। इसके अलावा, अगर इनका फाइबर ऑप्टिक केबल किसी पेड़ या पत्थर जैसी रुकावट से टकराकर टूट जाए, तो ड्रोन तुरंत बेकार हो जाता है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
फाइबर ऑप्टिक ड्रोन सामान्य ड्रोन से अलग क्यों हैं?
सामान्य ड्रोन रेडियो सिग्नल पर चलते हैं जिन्हें जैम किया जा सकता है, लेकिन फाइबर ऑप्टिक ड्रोन एक तार से जुड़े होते हैं, जिससे उन्हें इलेक्ट्रॉनिक तरीके से रोकना नामुमकिन होता है।
इसराइल इस खतरे से कैसे निपट रहा है?
IDF इस खतरे का विश्लेषण कर रही है और नए तरीके विकसित कर रही है, साथ ही प्रधानमंत्री Netanyahu ने इसे रोकने के लिए एक स्पेशल प्रोजेक्ट का आदेश दिया है।