इसराइल और लेबनान के बीच चल रहा तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। सीजफायर (युद्धविराम) के विस्तार के बावजूद हिजबुल्लाह ने इसराइल के सैन्य वाहनों को निशाना बनाया है। दोनों देशों के बीच लड़ाई इतनी तेज हो गई है कि अब आम लोगों की जान जा रही है और सैन्य गाड़ियां तबाह हो रही हैं।

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हिजबुल्लाह ने इसराइल की गाड़ी पर कैसे किया हमला?

हिजबुल्लाह ने एक बयान जारी कर दावा किया है कि 25 अप्रैल 2026 को दोपहर 3 बजे उन्होंने Qantara शहर में इसराइल के एक सैन्य वाहन Nimira पर सीधा हमला किया। समूह ने कहा कि यह हमला इसराइल द्वारा आम नागरिकों पर किए गए हमलों का बदला था। इसके अलावा, हिजबुल्लाह ने Ramyah में एक बख्तरबंद गाड़ी और Qantara के पास एक Humvee को भी निशाना बनाने का दावा किया है।

इसराइल की प्रतिक्रिया और सीजफायर का क्या हुआ?

Israel Defense Forces (IDF) ने बताया कि लेबनान से दो रॉकेट दागे गए थे, जिनमें से एक को हवा में ही रोक लिया गया और दूसरा खाली इलाके में गिरा, जिससे कोई हताहत नहीं हुआ। इसराइल ने इन हरकतों को सीजफायर समझौते का बड़ा उल्लंघन बताया है। इस युद्धविराम को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने आगे बढ़ाया था, लेकिन अब दोनों पक्ष एक-दूसरे पर समझौता तोड़ने का आरोप लगा रहे हैं।

लेबनान और इसराइल में कितना हुआ नुकसान?

  • लेबनान के दक्षिणी इलाकों में 25 अप्रैल को चार लोगों की मौत हो गई।
  • इससे पहले 24 अप्रैल को छह लोग मारे गए थे, जो सीजफायर के दौरान सबसे घातक दिन था।
  • इसराइल ने दावा किया कि उसने पिछले सप्ताहांत में हिजबुल्लाह के 15 से ज्यादा सदस्यों को खत्म कर दिया है।
  • हिजबुल्लाह ने इसराइल के एक Hermes 450 ड्रोन को मार गिराया, जिसकी पुष्टि IDF ने भी की है।
  • इसराइल ने लेबनान के नागरिकों को ‘बफर जोन’ वाले 50 से ज्यादा गांवों में न जाने की चेतावनी दी है।