ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने सोमवार को जानकारी दी कि 20 जुलाई 2026 को हॉर्मुज जलडमरूमध्य में दो तेल टैंकरों में जोरदार धमाका हुआ और वे रुक गए। ईरान का आरोप है कि ये जहाज अमेरिकी सेना के दबाव में एक असुरक्षित और खतरनाक रास्ते से गुजरने की कोशिश कर रहे थे। इस घटना के बाद से क्षेत्र में हड़कंप मचा हुआ है।
समुद्री सुरक्षा को लेकर चेतावनी
ईरान के अधिकारियों ने चेतावनी जारी की है कि अगर क्षेत्र में अमेरिका की ओर से दखलंदाजी जारी रही, तो यह जलमार्ग तेल, प्राकृतिक गैस और अन्य सामानों के परिवहन के लिए सुरक्षित नहीं रहेगा। UK Maritime Trade Operations (UKMTO) ने भी पुष्टि की है कि ओमान के कुमजार के पास एक जहाज में आग लगने की सूचना मिली है।
क्षेत्र में गहराया तनाव और उड़ानों पर असर
पिछले नौ दिनों से अमेरिका और ईरान के बीच तनाव चरम पर है। कुवैत में ईरान की तरफ से आए ड्रोन हमलों को वहां के एयर डिफेंस सिस्टम ने नाकाम किया है, वहीं बहरीन में भी खतरे के सायरन सुनाई दिए हैं। जॉर्डन के अकाबा एयरपोर्ट और कुवैत व सीरिया में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर भी मिसाइल और ड्रोन से हमले किए गए हैं। इस तनाव के चलते हॉर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों की संख्या रविवार के 8 जहाजों से घटकर केवल 4 रह गई है, जिससे समुद्री व्यापार पर भारी असर पड़ा है।
