यमन के ताइज़ (Taiz) शहर में हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं। 28 जुलाई 2026 को Houthi लड़ाकों ने ताइज़ के अल-हौबान (Al-Houban) इलाके में स्थित अपने हथियार डिपो में भारी संख्या में नए सैनिकों और हथियारों की तैनाती की है। यह इलाका लंबे समय से जारी संघर्ष का मुख्य केंद्र बना हुआ है और यहाँ लगातार सैन्य गतिविधियां तेज़ हो रही हैं।
ताइज़ में बिगड़ते हालात और आम लोगों की मुश्किलें
क्षेत्र से आ रही खबरों के अनुसार, 25 जुलाई 2026 को ताइज़ के अल-हौबान इलाके में Houthi लड़ाकों ने एक मिसाइल दागने की कोशिश की थी, लेकिन वह मिसाइल लॉन्च साइट पर ही फट गई, जिससे उनके कई लड़ाकों के हताहत होने की जानकारी सामने आई है। इससे पहले 22 जुलाई से ही Houthi मिलिशिया ने ताइज़ के उत्तरी और दक्षिण-पूर्वी इलाकों में अपने ठिकाने मज़बूत करने शुरू कर दिए थे। वहीं, 23 जुलाई को हजारों स्थानीय लोगों ने सड़क पर उतरकर शहर की घेराबंदी खत्म करने की मांग की थी।
सऊदी अरब और यमन सरकार की तैयारी
क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त यमनी सरकार ने 27 जुलाई को किसी भी तरह के सैन्य टकराव के लिए तैयार रहने का ऐलान किया है। यह कदम तब उठाया गया जब Houthi विद्रोहियों ने सऊदी अरब पर ड्रोन और मिसाइल से हमले किए और सऊदी के खिलाफ समुद्री नाकेबंदी की घोषणा की। Houthi विद्रोहियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने सऊदी अरब के Yanbu और Jizan में बने ठिकानों को निशाना बनाया है। जवाब में सऊदी गठबंधन ने भी उनके हथियारों के जखीरे और ठिकानों पर हवाई हमले किए हैं। अमेरिका ने भी लाल सागर में जहाजों की सुरक्षा को लेकर अपनी चिंता जाहिर की है और लगातार चेतावनी जारी की है।
