इसराइल की सेना (IDF) ने लेबनान के दक्षिणी हिस्से में हिज़्बुल्लाह के खिलाफ अपनी कार्रवाई तेज़ कर दी है। IDF की 98वीं डिवीजन ने बिंत जबेल इलाके को चारों तरफ से घेर लिया है और वहां ज़मीनी ऑपरेशन शुरू किया है। इस कदम का मुख्य मकसद सीमा पर अपनी सुरक्षा को और मज़बूत करना है ताकि आगे हमले रोके जा सकें।

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बिंट जबेल में इसराइल की सेना ने क्या किया?

इसराइल की सेना ने बताया कि उनके पैराट्रूपर्स, कमांडो और गिवाती ब्रिगेड के जवानों ने बिंत जबेल में हिज़्बुल्लाह के ठिकानों को घेर लिया है। पिछले एक हफ्ते में करीब 100 से ज़्यादा हिज़्बुल्लाह लड़ाकों को मारा गया है। सेना ने वहां एक अंडरग्राउंड सुरंग को भी नष्ट किया है, जिसका इस्तेमाल हमलों की प्लानिंग के लिए किया जाता था। इसके अलावा, एक सरकारी अस्पताल में छापेमारी कर वहां से हथियारों का जखीरा भी बरामद किया गया है।

ऑपरेशन से जुड़ी मुख्य बातें

विवरण जानकारी
तारीख 13 अप्रैल 2026
मारा गया लक्ष्य 100 से ज़्यादा लड़ाके
मुख्य इलाका बिंट जबेल (लेबनान)
उपयोग की गई फोर्स 98वीं डिवीजन (IDF)
नष्ट किया गया अंडरग्राउंड सुरंग और हथियार
भविष्य की योजना लितानी नदी तक सिक्योरिटी ज़ोन बनाना

हिज़्बुल्लाह का क्या जवाब आया है?

हिज़्बुल्लाह ने दावा किया कि उनके लड़ाके बिंत जबेल में इसराइली सेना से सीधी जंग लड़ रहे हैं। ग्रुप ने बताया कि 12 अप्रैल को उन्होंने इसराइल के ठिकानों पर 43 हमले किए थे। वहीं, लेबनान के lawmaker अली फय्याद ने इसराइल के साथ सीधे बातचीत करने से साफ़ मना कर दिया है। उनका कहना है कि पहले लेबनान सरकार को युद्धविराम (ceasefire) कराना होगा।