अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष यानी IMF ने संयुक्त अरब अमीरात यानी UAE की अर्थव्यवस्था की जमकर तारीफ की है। IMF की टीम ने 7 जुलाई से 16 जुलाई 2026 तक आधिकारिक दौरा किया और पाया कि क्षेत्र में चल रहे तनाव के बावजूद यूएई की आर्थिक स्थिति बेहद मजबूत बनी हुई है। इस दौरे का नेतृत्व Said Bakhache ने किया था।
अर्थव्यवस्था में मजबूती का कारण
IMF के विशेषज्ञों का कहना है कि यूएई ने अपनी आर्थिक नीतियों और सही समय पर लिए गए फैसलों के दम पर खुद को सुरक्षित रखा है। देश के पास मौजूद वित्तीय बफर और पहले से की गई तैयारी ने इसे बाहरी दबावों से बचाए रखा है। Central Bank of the UAE (CBUAE) के गवर्नर Khaled Mohamed Balama ने कहा कि सरकार की तरफ से लागू किया गया Proactive Financial Institution Resilience Package देश की वित्तीय स्थिरता को बनाए रखने में काफी कारगर साबित हुआ है।
बैंकिंग और भविष्य की संभावनाएं
रिपोर्ट के मुताबिक यूएई का बैंकिंग सेक्टर बहुत मजबूत है और बैंकों के पास पर्याप्त पैसा उपलब्ध है। हालांकि 2026 में पर्यटन, ट्रांसपोर्ट और रियल एस्टेट जैसे क्षेत्रों में थोड़ी धीमी रफ्तार के कारण जीडीपी ग्रोथ में मामूली कमी देखी जा सकती है, लेकिन 2027 में फिर से जोरदार वापसी की उम्मीद है। देश में तेल की कीमतों और सरकार की सही बजट नीतियों के कारण आर्थिक संतुलन बना हुआ है और कर्ज का बोझ भी काफी कम है। फिलहाल महंगाई में हल्की बढ़त देखी जा रही है जो समय के साथ सामान्य हो जाएगी।
