भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतों और टैक्स को लेकर नए बदलाव किए गए हैं। सरकार ने टैक्स में कटौती की है, लेकिन आम आदमी के लिए रिटेल कीमतें थोड़ी बढ़ गई हैं। यह पूरा बदलाव अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में होने वाले उतार-चढ़ाव की वजह से हुआ है।

ताजा जानकारी के मुताबिक, पेट्रोल और डीजल पर टैक्स 10 रुपये कम किया गया है। इसके बावजूद, रिटेल कीमतों में 7.50 रुपये प्रति लीटर की मामूली बढ़ोत्तरी देखी गई है। यह कदम तब उठाया गया जब ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतें 120 डॉलर प्रति बैरल से गिरकर अब लगभग 81 डॉलर प्रति बैरल पर आ गई हैं।

सरकार ने इससे पहले भी कई बार टैक्स में बदलाव किए हैं। नवंबर 2021 में पेट्रोल पर 5 रुपये और डीजल पर 10 रुपये का रोड और इंफ्रास्ट्रक्चर सेस कम किया गया था। वहीं, 27 मार्च 2026 को सरकार ने पेट्रोल और डीजल दोनों पर 10 रुपये की एक्साइज ड्यूटी घटाई थी। उस समय पश्चिम एशिया संकट की वजह से कच्चे तेल के दाम 70 डॉलर से बढ़कर 122 डॉलर तक पहुंच गए थे, जिसे संतुलित करने के लिए यह फैसला लिया गया था।

तेल और टैक्स से जुड़े बदलावों की मुख्य जानकारी नीचे दी गई तालिका में है:

विवरण नवंबर 2021 मार्च 2026 वर्तमान स्थिति
पेट्रोल टैक्स कटौती ₹5 प्रति लीटर ₹10 प्रति लीटर ₹10 प्रति लीटर
डीजल टैक्स कटौती ₹10 प्रति लीटर ₹10 प्रति लीटर ₹10 प्रति लीटर
कच्चे तेल की कीमत ~$82 प्रति बैरल ~$122 प्रति बैरल ~$81 प्रति बैरल
रिटेल कीमतों पर असर कीमतें घटीं कोई बदलाव नहीं ₹7.50 की बढ़ोत्तरी

सरकारी अधिकारियों ने इस पर अपनी बात रखी है। वित्त मंत्री Nirmala Sitharaman ने बताया कि टैक्स कटौती की वजह से 2026 में सरकार को 1 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा के राजस्व का नुकसान होने का अनुमान है, लेकिन यह फैसला नागरिकों को वैश्विक कीमतों की मार से बचाने के लिए लिया गया।

पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री Hardeep Singh Puri ने स्पष्ट किया कि पश्चिम एशिया संकट के बाद से रिटेल कीमतों में करीब 7.60 रुपये प्रति लीटर की कुल बढ़ोत्तरी हुई है। उन्होंने बताया कि तेल कंपनियां (OMCs) फिलहाल महंगे दामों पर खरीदे गए कच्चे तेल का उपयोग कर रही हैं, इसलिए अंतरराष्ट्रीय कीमतों में गिरावट का असर रिटेल रेट्स पर आने में समय लगेगा। साथ ही, उन्होंने यह भी कहा कि तेल कंपनियां स्थिर दाम बनाए रखने के लिए रोजाना करीब 1,000 करोड़ रुपये का नुकसान उठा रही हैं।