भारत सरकार ने अंतरराष्ट्रीय यात्रियों के लिए स्वास्थ्य सुरक्षा को देखते हुए एयर सुविधा 2.0 (Air Suvidha 2.0) सेल्फ-डिक्लेरेशन फॉर्म अनिवार्य कर दिया है। यह नया नियम 25 जून, 2026 से प्रभावी हो गया है। डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो और युगांडा में इबोला वायरस के बढ़ते मामलों और विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा इसे अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य आपातकाल घोषित करने के बाद भारत ने एहतियात के तौर पर यह कदम उठाया है।
👉: हॉर्मुज जलडमरूमध्य में ईरान ने UAE के टैंकरों पर किया हमला, एक भारतीय की मौत और कई घायल।
कौन से यात्रियों के लिए जरूरी है यह फॉर्म
यह डिजिटल फॉर्म उन सभी लोगों के लिए अनिवार्य है जो विदेश से भारत आ रहे हैं। इसमें भारतीय नागरिक, एनआरआई (NRI), ओसीआई (OCI) कार्डधारक और विदेशी नागरिक शामिल हैं। यात्रियों को अपनी उड़ान के समय से 24 घंटे के भीतर ऑनलाइन फॉर्म भरना होगा। इसमें पिछले 21 दिनों की यात्रा का विवरण और स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी देनी होगी।
कैसे करें प्रक्रिया पूरी
इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए यात्रियों को ऑनलाइन पोर्टल पर जाकर मुफ्त में फॉर्म भरना होगा। फॉर्म भरने के बाद ईमेल पर एक एक्नॉलेजमेंट मिलेगा, जिसे एयरपोर्ट पर इमिग्रेशन अधिकारियों को दिखाने की आवश्यकता पड़ सकती है। विमानन मंत्रालय और स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, इस डेटा को एयरपोर्ट हेल्थ ऑफिसर, इमिग्रेशन ब्यूरो और राज्य स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ साझा किया जाएगा ताकि जोखिम का सही समय पर आकलन किया जा सके। यह सुविधा यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखकर शुरू की गई है।
