कतर में हिरासत में रखे गए भारतीय पूर्व नौसेना अधिकारी कमांडर Purnendu Tiwari के मामले में भारत सरकार पूरी तरह सक्रिय है। विदेश मंत्रालय (MEA) ने गुरुवार, 23 अप्रैल 2026 को बताया कि वे उनके परिवार के संपर्क में हैं और हर संभव मदद कर रहे हैं। यह खबर उन सभी भारतीयों के लिए महत्वपूर्ण है जो खाड़ी देशों में नौकरी या बिजनेस के सिलसिले में रहते हैं।

👉: Abu Dhabi Civil Defence Authority का बड़ा कदम, सादियत सेंटर में जांची तैयारी, अब और तेज़ होगा बचाव कार्य

कमांडर Purnendu Tiwari की हिरासत का क्या है पूरा मामला?

कमांडर Purnendu Tiwari उन आठ अधिकारियों में से एक थे जिन्हें अगस्त 2022 में गिरफ्तार किया गया था। बाकी सात अधिकारी फरवरी 2024 में भारत लौट आए थे, लेकिन तिवारी अभी भी कतर में हैं। उन्हें फरवरी 2026 में कतर की कोर्ट ऑफ कैसेशन ने एक अलग मामले में सजा सुनाई थी। वे Al Dahra नामक प्राइवेट कंपनी में काम कर रहे थे।

भारत सरकार और दूतावास क्या कदम उठा रहे हैं?

भारत के विदेश मंत्रालय ने बताया कि उन्होंने कमांडर तिवारी के लिए माफी की अपील की है। दोहा में भारतीय दूतावास उन्हें कानूनी और काउंसलर सहायता दे रहा है। दूतावास के अधिकारी समय-समय पर जेल जाकर उनसे मुलाकात कर रहे हैं। सरकार इस पूरे मामले में कतर के अधिकारियों से लगातार बातचीत कर रही है।

मार्च के फैसले और मौजूदा हिरासत में क्या अंतर है?

MEA प्रवक्ता Randhir Jaiswal ने साफ किया कि 12 मार्च 2026 को आया कोर्ट का फैसला एक अलग मामला था। इस फैसले का मतलब यह नहीं है कि उनकी वर्तमान हिरासत खत्म हो गई है। सरकार ने तिवारी के परिवार द्वारा किए गए कुछ दावों को गलत बताया है। विदेश मंत्रालय के अनुसार यह मामला अभी कोर्ट में है और कानूनी प्रक्रिया जारी है।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.