भारत और नीदरलैंड्स ने अपने रिश्तों को एक नए स्तर पर पहुँचा दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और डच प्रधानमंत्री रॉब जेटन ने 16 मई 2026 को दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी यानी स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप की घोषणा की। इस समझौते के तहत अब दोनों देश तकनीक, सुरक्षा और व्यापार के क्षेत्र में मिलकर काम करेंगे।

भारत और नीदरलैंड्स की नई साझेदारी में क्या खास है?

विदेश मंत्रालय के सचिव (वेस्ट) सिबी जॉर्ज ने बताया कि दोनों देशों के बीच बातचीत के बाद इस साझेदारी को औपचारिक रूप दिया गया। प्रधानमंत्री मोदी ने इस मौके पर इनोवेशन, निवेश, सस्टेनेबिलिटी और डिफेंस में सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया। दोनों नेताओं ने एक महत्वाकांक्षी रोडमैप तैयार किया है ताकि नीदरलैंड्स की विशेषज्ञता और भारत के कौशल का सही इस्तेमाल हो सके। साथ ही, ग्रीन हाइड्रोजन के लिए भी एक साझा रोडमैप पेश किया गया।

सेमीकंडक्टर और व्यापार के लिए क्या फैसले हुए?

इस यात्रा के दौरान एक बड़ा व्यापारिक समझौता भी हुआ। Tata Electronics और डच कंपनी ASML ने भारत के धोलेरा में सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन फैसिलिटी बनाने के लिए हाथ मिलाया है। यह भारत के साथ ASML की पहली ऐसी साझेदारी है। इसके अलावा, प्रधानमंत्री मोदी ने यूरोपीय संघ (EU) के साथ एक नए मुक्त व्यापार समझौते (FTA) का जिक्र किया, जिसे उन्होंने भारत-यूरोप संबंधों के लिए एक नए स्वर्ण युग की शुरुआत बताया।

किन अन्य क्षेत्रों पर रहेगा फोकस?

  • टैलेंट मोबिलिटी: दोनों देश छात्रों और पेशेवरों के आने-जाने की प्रक्रिया को आसान बनाएंगे।
  • रिसर्च: यूनिवर्सिटीज के बीच साझेदारी और संयुक्त रिसर्च प्रोजेक्ट्स पर काम होगा।
  • डिफेंस: रक्षा क्षेत्र में सहयोग और नई तकनीकों के आदान-प्रदान को बढ़ावा दिया जाएगा।

Frequently Asked Questions (FAQs)

भारत और नीदरलैंड्स के बीच स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप कब हुई

यह रणनीतिक साझेदारी 16 मई 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नीदरलैंड्स यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री रॉब जेटन के साथ हुई बातचीत के बाद शुरू हुई।

Tata Electronics और ASML के बीच क्या समझौता हुआ है

दोनों कंपनियों ने भारत के धोलेरा में सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन प्लांट लगाने के लिए समझौता किया है, जिससे भारत में चिप निर्माण को बढ़ावा मिलेगा।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.