भारत और चीन के बीच रिश्तों में फिर खटास आई है. चीन ने अरुणाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों को नए और मनगढ़ंत नाम देने की कोशिश की, जिसे भारत ने सिरे से नकार दिया है. भारतीय सरकार ने इसे एक शरारत बताया है और कहा है कि झूठ बोलने से सच्चाई नहीं बदलती.

भारत ने चीन की इस हरकत पर क्या जवाब दिया?

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Randhir Jaiswal ने 12 अप्रैल 2026 को साफ किया कि भारत चीन के इन काल्पनिक नामों को बिल्कुल स्वीकार नहीं करता. उन्होंने कहा कि अरुणाचल प्रदेश भारत का अटूट हिस्सा है और हमेशा रहेगा. भारत ने चीन को सलाह दी है कि वह ऐसी हरकतें बंद करे जिससे दोनों देशों के बीच कड़वाहट बढ़े और रिश्तों को सुधारने की कोशिशों में रुकावट आए.

चीन का नया ‘Cenling’ जिला क्यों है चर्चा में?

चीन ने Xinjiang प्रांत में Cenling नाम का एक नया रणनीतिक जिला बनाया है, जिसकी घोषणा 26 मार्च को हुई थी. यह जिला अफगानिस्तान और PoK की सीमा के पास स्थित है. इसकी जगह Karakoram पहाड़ों और भारत के साथ विवादित LAC के करीब होने की वजह से रणनीतिक रूप से बहुत अहम मानी जा रही है.

चीन ने अब तक कौन से विवादित जिले बनाए हैं?

चीन ने पिछले एक साल में Xinjiang में तीन नए जिले बनाए हैं, जिनमें से कुछ भारत के लद्दाख क्षेत्र के करीब हैं. इन जिलों की जानकारी नीचे दी गई टेबल में है:

जिले का नाम प्रभावित क्षेत्र या लोकेशन
Hean लद्दाख (Aksai Chin)
Hekang लद्दाख (Aksai Chin)
Cenling Xinjiang (PoK और अफगानिस्तान बॉर्डर)