भारत और सऊदी अरब के बीच आपसी संबंध और अधिक मजबूत होने वाले हैं। हाल ही में भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार NSA अजित डोभाल ने 20 जुलाई 2026 को रियाद का दौरा किया। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी को बढ़ाना और क्षेत्रीय विकास पर चर्चा करना था। भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने 24 जुलाई 2026 को जानकारी दी कि भारत भविष्य में भी उच्च-स्तरीय संवाद के जरिए सऊदी अरब के साथ रिश्तों को गहरा करने के लिए प्रतिबद्ध है।
ऊर्जा सुरक्षा और सुरक्षा सहयोग पर चर्चा
अपनी यात्रा के दौरान NSA अजित डोभाल ने सऊदी अरब के विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान के साथ द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा की। इसके अलावा, उन्होंने सऊदी ऊर्जा मंत्री प्रिंस अब्दुलअजीज बिन सलमान से मुलाकात की, जिसमें ऊर्जा क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने और वैश्विक स्तर पर स्थिर ऊर्जा आपूर्ति सुनिश्चित करने पर बात हुई। साथ ही, सऊदी अरब के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार डॉ. मुसाएद अल-ऐबान के साथ भी सुरक्षा संबंधी मुद्दों पर चर्चा हुई।
आतंकवाद के खिलाफ साझा रणनीति
24 जुलाई 2026 को भारत-सऊदी अरब सुरक्षा कार्य समूह की तीसरी बैठक आयोजित की गई। इसमें भारत की तरफ से संयुक्त सचिव डॉ. विनोद बहादे और सऊदी अरब की तरफ से अहमद अल-ईसा शामिल हुए। दोनों देशों ने आतंकवाद, कट्टरपंथ और आतंकवाद के लिए तकनीक के गलत इस्तेमाल को रोकने के लिए मिलकर काम करने का फैसला लिया।
हवाई सफर और कनेक्टिविटी में बढ़ोतरी
दोनों देशों के बीच आवाजाही और कनेक्टिविटी को आसान बनाने के लिए 23 जुलाई 2026 को एक महत्वपूर्ण समझौता हुआ है। Air India और Saudia एयरलाइंस ने एक Memorandum of Understanding (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं। इस समझौते से दोनों एयरलाइंस के बीच कोडशेयरिंग और व्यापारिक मौके और भी बढ़ेंगे, जिससे भारत और सऊदी अरब के बीच यात्रा करने वाले यात्रियों को फायदा होगा।
