भारत और दक्षिण कोरिया ने अपनी दोस्ती को और मजबूत करने के लिए हाथ मिलाया है। दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग ने 19 से 21 अप्रैल 2026 तक भारत का दौरा किया। इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति ली जे-म्युंग के बीच दिल्ली में अहम बैठक हुई, जिसमें रक्षा, व्यापार और नई टेक्नोलॉजी पर बड़े समझौते हुए।

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व्यापार और औद्योगिक सहयोग के मुख्य बिंदु

दोनों देशों ने व्यापार को बढ़ाने के लिए एक खास रोडमैप तैयार किया है। इसका मुख्य उद्देश्य आने वाले समय में आर्थिक रिश्तों को और गहरा करना है ताकि दोनों देशों को फायदा हो सके।

विषय लक्ष्य या समझौता
कुल व्यापार 2030 तक 50 अरब डॉलर का लक्ष्य
शिपयार्ड दक्षिण भारत में बड़ा शिपयार्ड बनेगा
स्टील प्लांट ओडिशा में POSCO और JSW का प्लांट लगेगा
व्यापार समझौता CEPA नियमों को अपडेट किया जाएगा
रणनीतिक रोडमैप 2026-2030 के लिए 25 मुख्य लक्ष्य तय

डिफेंस और स्पेस टेक्नोलॉजी में क्या होगा नया

रक्षा और विज्ञान के क्षेत्र में दोनों देश अब और करीब आएंगे। इसके लिए कई नई पहल शुरू की गई हैं जो आने वाले सालों में बदलाव लाएंगी।

  • डिफेंस स्टार्टअप्स, निवेशकों और यूनिवर्सिटीज को जोड़ने के लिए ‘KIND-X’ प्रोग्राम लॉन्च किया गया है।
  • K9-वजरा तोप के सफल मॉडल की तरह अब अन्य रक्षा उपकरणों को भी साथ मिलकर बनाया जाएगा।
  • AI और सेमीकंडक्टर के क्षेत्र में सहयोग के लिए ‘डिजिटल ब्रिज’ पहल शुरू की गई है।
  • ISRO और दक्षिण कोरिया की स्पेस एजेंसी KASA मिलकर अंतरिक्ष मिशनों पर काम करेंगे।
  • दोनों देशों ने हिंद-प्रशांत क्षेत्र को खुला और नियमों पर आधारित रखने की बात दोहराई है।
Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.