विदेशों में काम करने वाले भारतीयों के लिए भारत सरकार ने एक बड़ी योजना बनाई है। न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र (UN) के एक कार्यक्रम में विदेश राज्य मंत्री Kirti Vardhan Singh ने बताया कि सरकार अब प्रवासियों के कल्याण, उनकी सुरक्षा और उन्हें सशक्त बनाने पर पूरा ध्यान दे रही है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य दुनिया भर में फैले 3.4 करोड़ भारतीयों की मदद करना है।

e-Migrate प्लेटफॉर्म क्या है और इससे प्रवासियों को क्या फायदा होगा?

सरकार ने e-Migrate नाम का एक डिजिटल प्लेटफॉर्म शुरू किया है। इसका मकसद यह पक्का करना है कि भारतीय कामगार सुरक्षित और कानूनी तरीके से विदेश जा सकें। इसमें भर्ती करने वाले एजेंट और विदेशी कंपनियों की जानकारी एक ही जगह मिलती है, जिससे प्रवासियों को धोखाधड़ी से बचाया जा सके।

  • पारदर्शिता: अब भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी और एजेंटों की मनमानी कम होगी।
  • शिकायत निवारण: प्रवासियों के लिए ऑनलाइन माध्यम से अपनी शिकायतें दर्ज कराने की सुविधा उपलब्ध है।
  • बहुभाषी सहायता: इसमें AI आधारित अनुवाद टूल्स का इस्तेमाल किया गया है ताकि भाषा की वजह से कोई परेशानी न हो।
  • पंजीकरण डेटा: फिलहाल इस पोर्टल पर लगभग 2,457 सक्रिय रिक्रूटिंग एजेंट और 2.98 लाख विदेशी नियोक्ता registered हैं।

प्रवासियों के लिए भारत सरकार की नई रणनीति और समझौतों की जानकारी

मंत्री Kirti Vardhan Singh ने बताया कि सरकार अब प्रवासियों की मदद को एक पूरी प्रक्रिया के रूप में देख रही है। इसमें विदेश जाने से पहले की तैयारी, सुरक्षित सफर, सम्मानजनक नौकरी और वापस भारत लौटने तक की पूरी प्रक्रिया शामिल है। इसके साथ ही सरकार ने कई देशों के साथ विशेष समझौते भी किए हैं।

  • नए समझौते: भारत ने 23 देशों के साथ स्किल्स आधारित मोबिलिटी समझौते किए हैं। इनमें हाल ही में यूरोपीय संघ (जनवरी 2026), ब्रिटेन (जुलाई 2025) और न्यूजीलैंड (अप्रैल 2026) के साथ हुए समझौते शामिल हैं।
  • कानून में बदलाव: पुराने 1983 के कानून को बदलने के लिए नया कानून तैयार किया जा रहा है, ताकि अवैध भर्ती प्रथाओं को पूरी तरह रोका जा सके।
  • सहायता तंत्र: प्रवासियों की मदद के लिए MADAD पोर्टल और इंडियन कम्युनिटी वेलफेयर फंड जैसी सुविधाएं सरकार द्वारा चलाई जा रही हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

e-Migrate पोर्टल का मुख्य उद्देश्य क्या है?

इसका मुख्य उद्देश्य प्रवासियों के लिए सुरक्षित और कानूनी रास्ते बनाना है, जिससे भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता आए और एजेंटों द्वारा की जाने वाली धोखाधड़ी को रोका जा सके।

प्रवासियों की मदद के लिए भारत ने किन देशों के साथ नए समझौते किए हैं?

भारत ने कुल 23 देशों के साथ समझौते किए हैं, जिनमें हाल ही में यूरोपीय संघ, ब्रिटेन और न्यूजीलैंड के साथ किए गए नए समझौते शामिल हैं ताकि कामगारों को बेहतर अवसर मिलें।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.