भारतीय सेना और फिलीपींस सेना के बीच मनीला में पहली बार ‘आर्मी-टू-आर्मी’ स्टाफ वार्ता (AAST) का आयोजन किया गया। यह बातचीत 25 से 27 मार्च 2026 के बीच हुई, जिसका मुख्य उद्देश्य दोनों देशों के बीच रक्षा संबंधों को और गहरा करना और सैन्य क्षमताओं को बेहतर बनाना है। इस बैठक में दोनों सेनाओं के आला अधिकारियों ने हिस्सा लिया और भविष्य की रणनीतियों पर चर्चा की।

इस बैठक में किन अहम विषयों पर हुई चर्चा?

इस ऐतिहासिक मुलाकात के दौरान दोनों देशों ने कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर अपनी सहमति जताई। इसमें सैन्य प्रशिक्षण को बढ़ावा देने और आपसी सहयोग को मजबूत करने के लिए एक ढांचा तैयार करने पर बातचीत हुई। मुख्य चर्चा इन विषयों पर केंद्रित रही:

  • संयुक्त अभ्यास: दोनों सेनाएं भविष्य में मिलकर युद्ध अभ्यास करेंगी।
  • विशेषज्ञों का आदान-प्रदान: रक्षा क्षेत्र के जानकार एक-दूसरे के साथ अनुभव साझा करेंगे।
  • रक्षा उद्योग: दोनों देश रक्षा क्षेत्र की तकनीक और उपकरणों में सहयोग करेंगे।
  • प्रशिक्षण: एक-दूसरे की सेनाओं के लिए ट्रेनिंग प्रोग्राम को विस्तार दिया जाएगा।

भविष्य के लिए क्या है बड़ी योजना?

भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व ब्रिगेडियर अमनदीप मल्ही ने किया, जिन्होंने फिलीपींस सेना के वाइस कमांडर मेजर जनरल एफ्रेन एफ मोरदोस और चीफ ऑफ स्टाफ मेजर जनरल क्रिस्टोफर सी टैम्पस से मुलाकात की। इस बातचीत में तय किया गया है कि अब यह स्टाफ वार्ता हर साल आयोजित की जाएगी।

इसके तहत साल 2027 तक के लिए सैन्य कार्यक्रमों का एक कैलेंडर तैयार करने का प्रस्ताव दिया गया है। फिलीपींस की सेना ने अंतरराष्ट्रीय सहयोगियों के साथ अपनी साझेदारी को और मजबूत करने की प्रतिबद्धता जताई है। इस कदम से दक्षिण पूर्व एशिया क्षेत्र में सुरक्षा और शांति को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।