संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में एक और भारतीय प्रवासी की अचानक दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई है। दुबई एयरपोर्ट फ्री जोन अथॉरिटी (DAFZA) में काम करने वाले 48 वर्षीय प्रजीश प्रभाकरन की गुरुवार शाम मृत्यु हो गई। इस घटना से उनके परिवार और दोस्तों के बीच गहरा शोक है। वह पिछले 20 सालों से दुबई में एक लॉजिस्टिक्स कंपनी में डॉक्यूमेंट क्लियरिंग सेक्शन में काम कर रहे थे। उनके निधन से ग्लोबल प्रवासी समूह में सन्नाटा पसर गया है।

सांस लेने में हुई थी तकलीफ

रिपोर्ट्स के मुताबिक, प्रजीश को गुरुवार शाम को सांस लेने में थोड़ी तकलीफ महसूस हुई थी। इसके बाद वह जांच के लिए पास के एक क्लिनिक में गए। वहां अचानक उन्हें हार्ट अटैक आया और उनकी जान चली गई। बताया जा रहा है कि उन्हें पहले से सीने में दर्द की कोई शिकायत नहीं थी, हालांकि वह डायबिटीज (शुगर) के मरीज थे। हाल ही में उन्हें ग्लोबल तोझिलाली फोरम (GTF) कम्युनिटी ग्रुप का चेयरमैन चुना गया था। उनके शव को केरल भेजने के लिए कागजी कार्रवाई की जा रही है।

पिछले कुछ महीनों में सामने आए अन्य मामले

यूएई में पिछले कुछ समय में हार्ट अटैक के कारण कई भारतीयों की जान गई है। अलग-अलग घटनाओं में छात्रों से लेकर सीनियर इंजीनियर तक शामिल हैं। नीचे कुछ प्रमुख मामले दिए गए हैं:

  • ईपी बालकृष्णन (68 वर्ष): शारजाह के बिजनेसमैन को केरल से लौटने के बाद एयरपोर्ट पर ही हार्ट अटैक आया था। 20 साल से ज्यादा समय से वह यूएई में रह रहे थे।
  • हरिराज सुदेवन (37 वर्ष): अबू धाबी के सीनियर इंजीनियर की मौत पत्नी और बेटे को एयरपोर्ट छोड़ने के बाद हुई। वह घर लौटकर आए और कुछ ही देर में उनकी तबीयत बिगड़ गई।
  • वैष्णव कृष्णकुमार (18 वर्ष): दुबई के कॉलेज छात्र को दिवाली उत्सव के दौरान कार्डियक अरेस्ट हुआ था। वह मिडलसेक्स यूनिवर्सिटी में बीबीए के छात्र थे।

इन घटनाओं ने प्रवासी समुदाय को काफी दुख पहुंचाया है और लोग अपने स्वास्थ्य को लेकर चिंतित हैं। प्रजीश प्रभाकरन के मामले में समुदाय के स्वयंसेवक परिवार की मदद कर रहे हैं ताकि शव को जल्द से जल्द भारत भेजा जा सके।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.