दुबई से यमन जा रहे एक लकड़ी के जहाज (धो) में भयानक आग लग गई, जिससे वहां सवार भारतीय नाविक मुश्किल में फंस गए। इस हादसे में एक भारतीय नाविक की जान चली गई और चार अन्य घायल हुए हैं। दुबई स्थित भारतीय दूतावास अब घायलों की मदद और जरूरी कागजी कार्रवाई में जुटा हुआ है ताकि प्रभावित परिवारों और नाविकों को राहत मिल सके।
धो जहाज में आग लगने की पूरी घटना क्या थी?
यह हादसा 8 मई 2026 की सुबह करीब 1 बजे हुआ। एक लकड़ी का जहाज जिसे स्थानीय भाषा में धो (Dhow) कहा जाता है, 7 मई को दुबई से यमन के मुक्काम के लिए निकला था। यह जहाज general cargo लेकर जा रहा था और इस पर कुल 18 भारतीय चालक दल के सदस्य सवार थे। रास्ते में Strait of Hormuz के पास इस जहाज में अचानक आग लग गई। मौके से गुजर रहे एक अन्य जहाज ने तुरंत मदद की और 17 जीवित नाविकों को सुरक्षित बाहर निकाला।
हादसे में कितने लोग घायल हुए और दूतावास क्या कर रहा है?
इस दुखद घटना में गुजरात के द्वारका जिले के सालाया गांव के रहने वाले Altaf Talab Ker की मौत हो गई, जो जहाज पर इंजन ड्राइवर के तौर पर काम करते थे। इसके अलावा चार अन्य भारतीय नाविक घायल हुए हैं, जिन्हें दुबई में इलाज दिया जा रहा है और उनकी हालत अब सुरक्षित बताई जा रही है।
भारतीय दूतावास (Indian Consulate General in Dubai) ने इस घटना पर दुख जताया है। अधिकारियों ने बताया कि वे जहाज के मालिक के संपर्क में हैं और घायलों से मुलाकात भी की है। दूतावास प्राथमिकता के आधार पर सभी प्रभावित लोगों को हर संभव सहायता प्रदान कर रहा है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
समुद्र में आग लगने की घटना कब और कहां हुई?
यह हादसा 8 मई 2026 को सुबह करीब 1 बजे Strait of Hormuz के पास हुआ, जब जहाज दुबई से यमन की ओर जा रहा था।
इस हादसे में कितने भारतीय नाविक प्रभावित हुए?
जहाज पर कुल 18 भारतीय नाविक थे, जिनमें से एक की मौत हो गई और चार घायल हुए। बाकी 13 नाविकों को सुरक्षित बचा लिया गया।