खाड़ी देश में भारतीय की मृत्यु

खाड़ी देशों में काम करने के लिए जाने वाले भारतीय प्रवासियों कि कई तरह की परेशानियां सामने आती हैं। जैसे कि एजेंट कॉन्ट्रैक्ट किसी और काम का होता है लेकिन वहां पहुंचने के बाद कामगार से नियोक्ता कोई और काम कराने लगता है।

इसी तरह की घटना तमिलनाडु के एक युवक के साथ भी हुई है। गांव के 30 वर्षीय Muthukumaran 3 सितंबर को ही कुवैत में घरेलू कामगार के तौर पर काम ज्वाइन किया था। वहां पर नियोक्ता ने उन्हें भेड़ बकरी चराने का काम दे दिया।

कामगार को नहीं मिला खाना पानी

उन्हें खाना, पीना और बुनियादी सुविधाएं नहीं दी गई। यहां तक कि उन्हें रेत पर ही सोना पड़ा। उनकी पत्नी विद्या ने बताया कि उनसे दो बार बात हुई थी। Muthukumaran नियोक्ता से परेशान हो चुके थे और वह जल्द ही मामले में भारतीय दूतावास की मदद लेने वाले थे।

7 सितंबर से बातचीत बंद

इसके बाद 7 सितंबर से Muthukumaran से बातचीत बंद हो गई और दो दिन बाद उनके मृत्यु की खबर मिली। कहा जा रहा है कि जब उन्होंने इस काम से इंकार कर दिया तब उन्हें उनके नियोक्ता ने ही मौत के घाट उतार दिया।

मंगलवार को जिले के Koothanallur taluk के गांव वाले जमकर प्रोटेस्ट करते दिखे। उनकी पत्नी समेत सभी ने Tamil Nadu Chief Minister M K से न्याय की मांग की है।

Lov Singh

बिहार से हूँ। बिहार होने पर गर्व हैं। फर्जी ख़बरों की क्लास लगाता हूँ। प्रवासियों को दोस्त हूँ। भारत मेरा सबकुछ हैं। Instagram पर @nyabihar तथा lov@gulfhindi.com पर संपर्क कर सकते हैं।