हैदराबाद से भुवनेश्वर जा रही इंडिगो की फ्लाइट में एक यात्री के बैग को चाकू से काटने का मामला सामने आया है। यात्री सर्वेश ने अपनी बेटी के बैग की तस्वीरें शेयर करते हुए नाराजगी जताई है। अगर आपके साथ भी ऐसा होता है तो तुरंत एयरपोर्ट पर शिकायत दर्ज करानी चाहिए ताकि आपको सही मुआवजा मिल सके।

कौन सी फ्लाइट में हुई घटना?

यह घटना इंडिगो की फ्लाइट संख्या 6E 6911 में हुई है। यह विमान हैदराबाद से भुवनेश्वर के लिए उड़ान भर रहा था। यात्री ने बताया कि जब उनकी बेटी गंतव्य पर पहुंची तो उसका सामान बुरी तरह से क्षतिग्रस्त मिला। बैग को देखने पर ऐसा लग रहा था जैसे किसी ने उसे चाकू या किसी धारदार चीज से काटा हो।

यात्री ने क्या आरोप लगाया?

यात्री सर्वेश ने सोशल मीडिया पर टूटे हुए बैग की तस्वीरें साझा की हैं। उन्होंने लिखा कि इंडिगो द्वारा सामान की यह लापरवाही बहुत ही खराब है। बैग के कपड़े में बड़ा चीरा लगा हुआ था। यह घटना हवाई सफर करने वाले यात्रियों की सुरक्षा और सामान की देखभाल पर सवाल उठाती है।

बैग कटने या खोने पर क्या करें?

अगर फ्लाइट से उतरने के बाद आपको अपना सामान टूटा हुआ या कटा हुआ मिले, तो एयरपोर्ट से बाहर निकलने से पहले एयरलाइन स्टाफ को सूचित करें। इसके लिए Property Irregularity Report (PIR) भरना अनिवार्य होता है।

  • बैग के टैग और बोर्डिंग पास को संभाल कर रखें।
  • टूटे हुए हिस्से की फोटो सबूत के तौर पर खींच लें।
  • 7 दिनों के अंदर लिखित शिकायत दर्ज करें।

मुआवजे के नियम क्या हैं?

भारत में घरेलू उड़ानों के लिए DGCA के नियमों के अनुसार, सामान के नुकसान या चोरी होने पर एयरलाइन को मुआवजा देना होता है।

नियम विवरण
PIR फाइलिंग एयरपोर्ट छोड़ने से पहले जरूरी
मुआवजा सीमा 20,000 रुपये तक (घरेलू)
समय सीमा 7 दिन के अंदर रिपोर्ट

हाल ही में इंडिगो पर सामान की लापरवाही के लिए DGCA ने जुर्माना भी लगाया था। यात्रियों को सलाह दी जाती है कि कीमती सामान चेक-इन बैग में न रखें।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.