दुनिया के सबसे व्यस्त समुद्री रास्तों में से एक मलक्का जलडमरूमध्य (Strait of Malacca) को लेकर इंडोनेशिया और सिंगापुर ने बड़ी बात कही है। दोनों देशों ने साफ कर दिया है कि यह रास्ता सभी जहाजों के लिए सुरक्षित और खुला रहेगा। यह ऐलान ऐसे समय में आया है जब ईरान ने हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से गुजरने वाले जहाजों पर फीस लगाने की योजना बनाई है।

इंडोनेशिया और सिंगापुर का साझा फैसला

6 जुलाई 2026 को जकार्ता में हुई सालाना लीडर्स रिट्रीट के दौरान इंडोनेशिया के राष्ट्रपति Prabowo Subianto और सिंगापुर के प्रधानमंत्री Lawrence Wong ने यह घोषणा की। उन्होंने कहा कि मलक्का जलडमरूमध्य सभी के लिए सुलभ रहेगा। दोनों नेताओं ने इस बात पर जोर दिया कि वे समुद्री रास्तों पर जहाजों के आने-जाने की आजादी का समर्थन करते हैं।

यह पूरा फैसला 1982 के यूनाइटेड नेशंस कन्वेंशन ऑन द लॉ ऑफ द सी (UNCLOS) के नियमों के मुताबिक लिया गया है। दोनों देशों ने यह भी कहा कि वे इस रास्ते की सुरक्षा, सफाई और समुद्री लुटेरों से बचाव के लिए मलेशिया और थाईलैंड के साथ मिलकर काम करना जारी रखेंगे।

ईरान ने क्या योजना बनाई है

इस विवाद की शुरुआत तब हुई जब 4 जुलाई 2026 को चीन में ईरान के राजदूत Abdolreza Rahmani Fazli ने एक ऐलान किया। उन्होंने बताया कि ईरान हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों से सर्विस फीस लेगा। ईरान का कहना है कि यह पैसा सुरक्षा और पर्यावरण की देखरेख के लिए इस्तेमाल होगा। साथ ही, ईरान ने यह भी कहा कि उसके दोस्त देशों को इसमें विशेष छूट दी जाएगी।

दुनिया भर के देशों की प्रतिक्रिया

ईरान के इस फैसले का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विरोध हो रहा है। अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने कहा कि अगर ईरान ने फीस लगाने की कोशिश की, तो बातचीत रुक जाएगी। सिंगापुर के विदेश मंत्री Vivian Balakrishnan ने भी साफ कर दिया कि वे हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य में टोल रेट को लेकर किसी भी बातचीत का हिस्सा नहीं बनेंगे क्योंकि यह अंतरराष्ट्रीय कानून के खिलाफ है।

बहरीन ने भी अपना रुख साफ करते हुए कहा कि हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य से जहाजों का गुजरना अंतरराष्ट्रीय कानून का मामला है और इस पर कोई मोल-भाव नहीं हो सकता। वहीं कुछ यूरोपीय देश इस मामले में अंतरराष्ट्रीय समुद्री गठबंधन बनाने की बात कर रहे हैं ताकि रास्ते से बारूदी सुरंगों को हटाया जा सके और जहाजों का भेदभाव रहित संचालन सुनिश्चित हो सके।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.