सऊदी अरब के अल-खर्ज (Al-Kharj) इलाके में हुए एक सैन्य प्रोजेक्टाइल हमले में घायल हुए 27 वर्षीय मोहम्मद आजम सुरक्षित अपने घर लौट आए हैं। उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले के जाफराहाबाद गांव के रहने वाले आजम पेशे से एक डीजल मैकेनिक हैं। वह 3 जुलाई को अपने घर पहुंचे। यह घटना 8 मार्च के आसपास हुई थी, जब एक सैन्य प्रोजेक्टाइल एक रेजिडेंशियल कंपाउंड में गिरा था।
हमले में हुआ था बड़ा नुकसान
इस हमले में आजम इकलौते भारतीय थे जो घायल हुए थे। दुर्भाग्यपूर्ण बात यह है कि इसी हमले में दो बांग्लादेशी नागरिकों की मौत हो गई थी और 11 अन्य लोग घायल हुए थे। सऊदी सिविल डिफेंस ने तुरंत कार्रवाई की थी। घटना के बाद आजम का इलाज अल-खर्ज के एक सरकारी अस्पताल में चला, जहां से ठीक होने के बाद वह वापस भारत लौटे हैं।
भारतीय दूतावास ने की मदद
आजम पिछले साढ़े तीन साल से सऊदी अरब में काम कर रहे थे ताकि अपने परिवार का भरण-पोषण कर सकें। उनकी वापसी में भारतीय दूतावास की अहम भूमिका रही। दूतावास के काउंसलर (कम्युनिटी वेलफेयर) वाई साबिर ने अस्पताल जाकर आजम की स्थिति का जायजा लिया और उनके इलाज के लिए आवश्यक मदद सुनिश्चित की। मोहम्मद आजम के भाई कासिम अली और उनकी मां जैनब खातून ने उनके इलाज और स्वदेश वापसी के लिए भारतीय अधिकारियों से गुहार लगाई थी, जिसके बाद उन्हें सुरक्षित घर लाया गया।
