Iran and Pakistan Relations: ईरान और पाकिस्तान के मंत्रियों ने मशहद में की अहम बैठक, क्षेत्रीय सुरक्षा और द्विपक्षीय मुद्दों पर हुई चर्चा

ईरान और पाकिस्तान के बीच क्षेत्रीय सुरक्षा और आपसी संबंधों को मजबूत करने के लिए लगातार बातचीत का दौर जारी है। इसी सिलसिले में ईरानी विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने पाकिस्तानी गृह मंत्री Syed Mohsin Naqvi के साथ 12 अगस्त 2026 को ईरान के मशहद शहर में एक महत्वपूर्ण बैठक की। यह मुलाकात मशहद के Shahid Hasheminejad Airport पर हुई, जहां पाकिस्तानी मंत्री इमाम रजा (AS) के पवित्र तीर्थ स्थल पर श्रद्धांजलि अर्पित करने पहुंचे थे। इस दौरान ईरान के वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया, जिसमें खोरासान रजावी के गवर्नर Gholam-Hossein Mozaffari और विदेश मंत्रालय के प्रतिनिधि Gholam-Abbas Arbab-Khales भी शामिल थे।
तेहरान के बाद मशहद में हुई उच्च स्तरीय चर्चा
यह बैठक उस समय हुई जब इससे एक दिन पहले यानी मंगलवार, 11 अगस्त 2026 को पाकिस्तानी मंत्री Syed Mohsin Naqvi ने तेहरान में भी ईरानी नेताओं के साथ लंबी चर्चा की थी। यह पूरा दौरा पाकिस्तान की उस कूटनीतिक रणनीति का हिस्सा है जिसके तहत वह ईरान के साथ अपने रिश्तों को बेहतर बनाने, सुरक्षा सहयोग बढ़ाने और क्षेत्र में शांति बनाए रखने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। अपनी इन मुलाकातों के दौरान पाकिस्तानी मंत्री ने ईरान के शीर्ष नेतृत्व को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif और फील्ड मार्शल Asim Munir की तरफ से एक विशेष संदेश भी सौंपा, जो मौजूदा क्षेत्रीय हालात से जुड़ा हुआ था।
क्षेत्रीय सुरक्षा और मक्का डिफेंस समझौते पर बातचीत
दोनों देशों के बीच हुई इन बैठकों में मुख्य रूप से क्षेत्रीय और द्विपक्षीय मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। पाकिस्तान ने एक बार फिर दोहराया कि वह क्षेत्र में तनाव को कम करने और आपसी विवादों को शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाने का समर्थन करता है। पाकिस्तानी गृह मंत्री ने ईरानी नेतृत्व को हाल ही में 7 अगस्त 2026 को पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्किये के बीच साइन हुए Makkah Joint Defense Agreement के बारे में भी जानकारी दी, जो कि एक रक्षा समझौता है। इसके अलावा, यह बातचीत ऐसे समय में हो रही है जब पाकिस्तान अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव को कम करने के लिए लगातार मध्यस्थता की कोशिश कर रहा है।
संघर्ष विराम और आतंकवाद के खिलाफ सख्त कदम
रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान और अमेरिका के बीच इस्लामाबाद मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग के तहत तय हुआ 60-दिन का युद्धविराम 17 अगस्त को समाप्त होने वाला था, जिसे बढ़ाने पर सहमति बनती दिख रही है। ईरानी राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian पहले ही राजनीतिक, आर्थिक, व्यापारिक, सांस्कृतिक और सुरक्षा क्षेत्रों में संबंधों को और गहरा करने की बात कह चुके हैं। वहीं, पाकिस्तानी मंत्री ने भी सुरक्षा और काउंटर-नारकोटिक्स जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की इच्छा जताई। दोनों देशों ने इस बात पर फिर से जोर दिया कि उनकी सीमाई इलाकों में शांति और समृद्धि तभी आ सकती है जब Jaish al-Adl और Balochistan Liberation Army जैसे आतंकवादी संगठनों के खिलाफ मिलकर प्रभावी कार्रवाई की जाए।