Iran Army Update: आर्मी और IRGC की एकता बनी ताकत, पड़ोसी देशों को ईरान ने दी बड़ी चेतावनी

ईरान में सेना और इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) अब एक साथ मिलकर काम कर रहे हैं। आर्मी चीफ ने इस एकता को देश की सुरक्षा के लिए एक बड़ा हथियार बताया है। साथ ही ईरान ने अपने पड़ोसी देशों और दुश्मनों को सख्त चेतावनी दी है कि वे अपनी हद में रहें वरना अंजाम बुरा होगा।

आर्मी और IRGC की एकता से क्या होगा फायदा

ईरान के आर्मी चीफ ने 22 अप्रैल 2026 को एक बयान दिया। उन्होंने कहा कि आर्मी और IRGC का एक साथ होना राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए एक रणनीतिक संपत्ति है। इस मेलजोल से देश की स्थिरता और मजबूती बढ़ी है। दोनों सेनाएं अब मिलकर ईरान की सीमाओं की रक्षा करने में जुटी हैं।

पड़ोसी देशों को ईरान ने क्या चेतावनी दी

IRGC ने साफ कहा है कि अगर फिर से हमला हुआ तो दुश्मन के ठिकानों पर जोरदार प्रहार किया जाएगा। IRGC एरोस्पेस फोर्स के कमांडर ब्रिगेडियर जनरल मजीद मौसवी ने दक्षिणी पड़ोसी देशों को चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि अगर उनके इलाके का इस्तेमाल ईरान पर हमले के लिए हुआ, तो उन देशों को तेल उत्पादन को अलविदा कहना पड़ेगा।

युद्ध के बाद ईरान की मौजूदा स्थिति क्या है

ईरान में जिसे ‘तीसरे थोपे गए युद्ध’ कहा जा रहा है, उसे 50 दिन से ज्यादा का समय हो गया है। ईरानी सेना अभी भी पूरी तरह अलर्ट पर है। IRGC ने बताया कि युद्धविराम के दौरान भी वे पूरी तरह सतर्क हैं और दुश्मन के संवेदनशील केंद्रों पर उनकी पैनी नजर बनी हुई है।