ईरान के केरमन शहर में एक 29 साल के पिता Borna Naimi को जेल में बहुत बुरी यातनाएं दी गईं. उन्हें एक अंधेरी कोठरी में रखा गया और उनके साथ मारपीट की गई. यह मामला ईरान में बहाई समुदाय के खिलाफ बढ़ते दमन का एक हिस्सा है.

Borna Naimi के साथ जेल में क्या हुआ?

Borna Naimi को 1 मार्च को गिरफ्तार किया गया था. जेल में उन्हें दो बार नकली फांसी दी गई और पैरों पर बिजली के झटके दिए गए जिससे उनके पैर बुरी तरह जल गए. उन्हें “डेथ सुइट” नाम के हिस्से में रखा गया, जो सिर्फ उन कैदियों के लिए होता है जिन्हें फांसी होनी होती है. दबाव में उनसे एक झूठा कबूलनामा साइन करवाया गया कि उन्होंने जनवरी में कुछ गार्ड्स को मारा था, जबकि उस समय वे अपने परिवार के साथ घर पर थे.

मानवाधिकार संगठनों और परिवार का क्या कहना है?

Baha’i International Community (BIC) की प्रतिनिधि Simin Fahandej ने कहा कि यह परिवार सिर्फ अपने धर्म की वजह से जुल्म झेल रहा है. मुंबई की Nargis Gaur ने भी इस घटना पर गहरा दुख जताया है. संयुक्त राष्ट्र, एमनेस्टी इंटरनेशनल और यूरोपीय संघ ने भी ईरान में बहाई समुदाय के साथ हो रहे इस भेदभाव और प्रताड़ना की कड़ी निंदा की है.

मामले से जुड़ी मुख्य जानकारियां

विवरण जानकारी
पीड़ित का नाम Borna Naimi (29 वर्ष)
गिरफ्तारी की तारीख 1 मार्च
शहर केरमन, ईरान
दोषी संस्था IRGC इंटेलिजेंस ऑर्गनाइजेशन
यातनाएं नकली फांसी, बिजली के झटके
अन्य कैदी Peyvand Naimi, Shakila Ghasemi, Adib Shahbazpour
Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com